दरभंगा/

महिला थानाध्यक्ष की त्वरित कारवाई रंग लायी हैं ।बिछड़े नवजात को उसकी माँ से मिलाकर ममता को फिर से जिंदा कर दिया हैं ।

दरअसल 9 दिन की बच्ची को उसके पिता और घर वालों ने ही ऐसा रंग दिखाया कि उसकी माँ से अलग कर दिया था।

महिला ने बच्ची को जन्म क्या दी ,उसके पति सहित ससुराल वालों ने मारपीट कर घर से निकाल दिया और बच्ची को माँ से दूर कर दिया।यह मामला महिला थाना में आते ही थानाध्यक्ष ने भी तुरंत अपना रंग दिखाया ।

बताया जाता है कि उक्त महिला ने 9 दिन पूर्व ऑपरेशन के बाद एक बच्ची को जन्म दिया। जन्म के 9 दिन बाद हीं पति और ससुराल वाले महिला के साथ मारपीट कर बच्ची को छीन कर रख लिया और महिला को मायके में छोड दिया । बच्ची को पाने के लिए वह महिला थाना पहुंच कर थानाध्यक्ष नुसरत जहां को आप बीती सुनाई और बच्ची को बरामद कर देने के लिए गुहार लगाई।

महिला थानाध्यक्ष नुसरत जहां ने इसे गंभीरता से लेते हुये महिला के पति से कहा कि जितना जल्द हो सके बच्ची को थाना पर लाकर मां के हवाले करें अन्यथा कानूनी कारवाई की जाएगी। इतना सुनते ही महिला के पति एवं ससुराल वाले ने महज 2 घंटे के भीतर बच्ची को थाना लाकर मां के हवाले कर दिया। वह महिला मुजफ्फरपुर जिला के बोचहां थाना क्षेत्र के सफरुद्दीनपुर के रहने वाले नंदकिशोर चौधरी की पुत्री रानी कुमारी गुप्ता बतायी जा रही  है। रानी कुमारी ने महिला थाना को दिए आवेदन में कहा है कि उनकी शादी नगर थाना क्षेत्र के भिगो मोहल्ला निवासी रौशन कुमार गुप्ता से अप्रैल 2021 में हिंदू रीति रिवाज के अनुसार हुई थी। पति सहित ससुराल के लोग दहेज के लिए बराबर प्रतारित करते थे।

9 दिन पहले ऑपरेशन के बाद एक बच्ची को जन्म दी थी। बताया जाता है कि सोमवार की देर शाम सास और ननद के कहने पर पति ने बुरी तरह मारपीट की और देर रात बाइक से ले जाकर मुजफ्फरपुर जाने वाली एनएच 27 के टोल प्लाजा के पास सड़क किनारे छोड़ दिया । गांव के एक युवक ने महिला को सड़क किनारे देखा तो घर के सदस्यों को फोन कर जानकारी दी। फिर परिवार के सदस्य आकर रानी गुप्ता को घर ले गए। परिवार वालों को उसने बताया की कि उसकी बच्ची को पति समेत ससुराल वालों ने छीन लिया है। मंगलवार की दोपहर परिवार सहित रानी गुप्ता महिला थाना पहुंची।

महिला थानाध्यक्ष नुसरत जहां ने बताया कि पीड़िता के आवेदन पर कार्रवाई करते हुए बच्ची को 2 घंटे के अंदर मां को दिलवा दिया गया है। रानी गुप्ता बच्ची को लेकर अपने मायके चली गई। वहीं एक सप्ताह बाद दोनों पक्ष को थाना बुलाया गया है। मामले की तहकीकात कर कार्रवाई की जाएगी।