सर्पदंश के बाद डेढ़ घंटे झाड़-फूंक, अस्पताल पहुंचने से पहले महिला ने तोड़ा दम,

सुप्तावस्था में सांप ने पैर में डंसा, ओझा के यहां झाड़-फूंक में बीता डेढ़ घंटा,
कुशेश्वरस्थान के कासिमपुर गांव की घटना, चार बच्चों की मां थी मृतका

दस्तक 7 मीडिया /अफजल खान 

थाना क्षेत्र की दिनमो पंचायत के कासिमपुर गांव में शनिवार देर रात सर्पदंश से 46 वर्षीय महिला की मौत हो गई। सांप के डंसने के बाद परिजन उसे तत्काल अस्पताल ले जाने के बजाय करीब डेढ़ घंटे तक ओझा के यहां झाड़-फूंक कराते रहे। हालत बिगड़ने पर जब महिला को कुशेश्वरस्थान पीएचसी ले जाया गया, तब तक काफी देर हो चुकी थी। चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

मृतका की पहचान वार्ड नंबर 11 निवासी नुजा यादव की पत्नी पूनम देवी के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, शनिवार रात करीब 12:30 बजे पूनम घर में सोई हुई थी। इसी दौरान पैर में तेज दर्द होने पर उसकी नींद खुली। उसने पास में सांप को देखा और शोर मचाया। आवाज सुनकर पहुंचे परिजन उसे अस्पताल ले जाने के बजाय बगल के एक ओझा के पास लेकर चले गए।

बताया गया कि ओझा के यहां करीब एक से डेढ़ घंटे तक झाड़-फूंक चलती रही। इस दौरान पूनम की हालत लगातार बिगड़ती गई। स्थिति गंभीर होने के बाद परिजन उसे कुशेश्वरस्थान पीएचसी लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

मृतका के देवर बबलू यादव ने बताया कि सर्पदंश के तुरंत बाद अस्पताल ले जाकर समुचित इलाज कराया जाता तो शायद पूनम की जान बच सकती थी। पूनम दो पुत्र और दो पुत्रियों की मां थी। बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है, जबकि तीन बच्चे अभी नाबालिग हैं। पति खेती-किसानी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं।

घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। सर्पदंश जैसी आपात स्थिति में झाड़-फूंक में समय गंवाने के बजाय पीड़ित को तत्काल अस्पताल ले जाना ही जीवन बचाने का सबसे जरूरी कदम है।