डीएम ने आधारभूत संरचनाओं के सुदृढ़ीकरण की समीक्षा की,

ग्राम पंचायतवार विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, सामुदायिक भवन व स्वास्थ्य उपकेंद्रों की जरूरत होगी चिह्नित

दस्तक 7मीडिया /दरभंगा 

ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत संरचनाओं को मजबूत करने और जरूरत के अनुसार नई परिसंपत्तियों के निर्माण को लेकर शनिवार को जिलाधिकारी कौशल कुमार की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक हुई।

डीएम ने अधिकारियों को ग्राम पंचायतवार विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, सामुदायिक भवन, स्वास्थ्य उपकेंद्र समेत अन्य जरूरी आधारभूत संरचनाओं की आवश्यकता का आकलन कर योजनाओं को चिह्नित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जहां मरम्मत, सुदृढ़ीकरण या उन्नयन की जरूरत है, वहां ऐसी योजनाओं को प्राथमिकता दी जाए। वहीं, नवनिर्माण की आवश्यकता वाले मामलों में नियमानुसार प्रस्ताव तैयार किया जाए।

डीएम ने स्पष्ट किया कि नवनिर्माण की किसी भी योजना को चिह्नित करने से पहले संबंधित जमीन की उपलब्धता और उपयुक्तता सुनिश्चित करना जरूरी है। भूमि का सत्यापन किए बिना प्रस्ताव तैयार नहीं करने का निर्देश दिया, ताकि बाद में योजनाओं के क्रियान्वयन में बाधा न आए।

बैठक में तय किया गया कि विद्यालयों के सुदृढ़ीकरण व नवनिर्माण, आंगनबाड़ी केंद्रों के सुदृढ़ीकरण, उन्नयन व नवनिर्माण, सामुदायिक भवनों के सुदृढ़ीकरण व उन्नयन तथा स्वास्थ्य उपकेंद्रों के सुदृढ़ीकरण, उन्नयन व नवनिर्माण से जुड़ी योजनाओं को पंचायतवार चिह्नित किया जाएगा। ग्रामीण क्षेत्रों की अन्य अत्यावश्यक जरूरतों से संबंधित योजनाएं भी इसमें शामिल होंगी।

डीडीसी होंगे जिला स्तर के नोडल पदाधिकारी

उप विकास आयुक्त को जिला स्तर पर नोडल पदाधिकारी बनाया गया है। वहीं, प्रखंड स्तर पर बीडीओ योजनाओं के चिह्नीकरण, समन्वय और आवश्यक प्रतिवेदन तैयार कराने की जिम्मेदारी संभालेंगे। डीएम ने सभी पंचायतवार योजनाओं का चिह्नीकरण अगले तीन से चार दिनों के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि योजनाओं से संबंधित सभी आवश्यक सूचनाएं निर्धारित प्रपत्र में तैयार रखी जाएं, ताकि उन्हें संबंधित पोर्टल पर समय से अपलोड किया जा सके। सभी अनुमंडल पदाधिकारी, डीसीएलआर, अंचलाधिकारी, बीडीओ, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी और प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों को आपसी समन्वय से काम पूरा करने का निर्देश दिया गया।

बैठक में सहायक समाहर्ता कल्पना रावत, उप विकास आयुक्त स्वप्निल, सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार समेत संबंधित पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े थे।