बिरौल में जल निकासी नाले पर कब्जे से बढ़ा आक्रोश, अनुमंडल पदाधिकारी से अतिक्रमण हटाने की मांग
बिरौल में जल निकासी नाले पर कब्जे से बढ़ा आक्रोश, अनुमंडल पदाधिकारी से अतिक्रमण हटाने की मांग
बिरौल में जल निकासी नाले पर कब्जे से बढ़ा आक्रोश, अनुमंडल पदाधिकारी से अतिक्रमण हटाने की मांग
दस्तक 7 मिडिया, बिरौल, दरभंगा।
बिरौल थाना क्षेत्र के एस एच 56 मुख्य सड़क स्थित कौठी चौक के निकट जल निकासी के एकमात्र स्रोत (नाले) पर हो रहे अवैध निर्माण और अतिक्रमण को लेकर रघुनाथ झा, रामचरित राम, कैलाश चौधरी, शंकर झा, कौशलेंद्र आचार्य, बच्चे लाल झा( अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष) सहित दर्जनों लोगों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इस संबंध में शशांक राज अनुमंडल पदाधिकारी, बिरौल को एक आवेदन सौंपकर नाले को तत्काल अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग की गई है।
आवेदन के अनुसार,एस एच 56 कौठी पुल चौक के पास स्थित यह नाला बैंक, बलिया, अफजला और अनुमंडल मुख्यालय के पानी को कमला नदी तक पहुंचाने का एकमात्र माध्यम है। नाले को अवरुद्ध किए जाने से पूरे क्षेत्र में जलजमाव का गंभीर खतरा पैदा हो गया है, जिससे स्थानीय कार्यालयों और आम जनता की आवाजाही प्रभावित होने की आशंका है।
पूर्व में भी इस नाले को अतिक्रमित करने का प्रयास किया गया था, जिसे तत्कालीन अंचल अधिकारी द्वारा रुकवाया गया था। मामले की जांच के बाद सामने आई रिपोर्ट के अनुसार, अंचल अधिकारी बिरौल के पत्रांक 1761 (दिनांक 05.08.25) द्वारा भेजी गई जांच रिपोर्ट में इस भूमि (पुराना मौजा अकबरपुर बैंक, थाना नं.-296, खाता 175, खेसरा 135) को “गैर मजरुआ खास किस्म परती कदीम” दर्ज किया गया है। उप समाहर्ता दरभंगा द्वारा पुराने खतियान को मान्यता देते हुए आदेश जारी किया गया था कि इस सरकारी भूमि पर किसी व्यक्ति को खरीदने या बेचने का अधिकार नहीं है। इसके बावजूद, कुछ स्थानीय दबंगों द्वारा नाले पर पक्का निर्माण कराया जा रहा है और कार्य अब भी जारी है।
मुख्य जल निकासी स्रोत के बंद होने से आक्रोशित स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से अविलंब संज्ञान लेकर अतिक्रमण को हटाने और पक्के निर्माण को रूकवाने की गुहार लगाई है, ताकि अनुमंडल मुख्यालय और आसपास के क्षेत्रों को जलजमाव की समस्या से बचाया जा सके।