बिरौल थाना क्षेत्र के बंदा गांव में टेंपो से कथित गौमांस ले जाते लोंगों को ग्रामीणों ने पकड़ा; सड़क जाम कर जताया आक्रोश,

पुलिस ने टेंपो कब्जे में लेकर दो लोगों को हिरासत में लिया, जांच के बाद कार्रवाई का आश्वासन

दस्तक 7मीडिया ,बिरौल /उत्तम सेन गुप्ता 

बिरौल थाना क्षेत्र के बंदा गांव में शनिवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब ग्रामीणों ने एक टेंपो को रोककर उसमें कथित रूप से गौमांस ले जाए जाने का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने टेंपो को घेर लिया और इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस के घटनास्थल पर पहुंचने में देरी होने से आक्रोशित ग्रामीणों ने दरभंगा आने वाली मुख्य सड़क को बांस-बल्लियों से घेरकर जाम कर दिया। करीब एक घंटे से अधिक समय तक सड़क जाम रहने से दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई।हालांकि इस चौक से बिरौल थाने की दूरी करीब 20किलोमीटर हें।

सूचना मिलने के बाद बिरौल थानाध्यक्ष चंद्रमणि, पर्यवेक्षी पदाधिकारी अमृत लाल बर्मन सहित जगन्नाथपुर टीओपी के पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाकर शांत कराया और मामले की जांच का भरोसा दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने सड़क से बांस-बल्लियां हटाकर जाम समाप्त कर दिया।

पुलिस ने मौके से टेंपो को कब्जे में ले लिया तथा उसमें सवार दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ के लिए थाना ले गई। बिरौल थानाध्यक्ष चंद्रमणि ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि टेंपो में रखा पदार्थ खाल जैसा प्रतीत हो रहा है। हिरासत में लिए गए दोनों लोगों से पूछताछ की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।

ग्रामीणों ने जताया आक्रोश

घटना को लेकर ग्रामीणों में काफी आक्रोश देखा गया। ग्रामीणों का आरोप है कि इस मार्ग से अक्सर गौमांस ले जाने की बात सामने आती रही है। उनका कहना था कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और यह पता लगाया जाना चाहिए कि कथित मांस कहां से लाया गया तथा इसे कहां ले जाया जा रहा था।

ग्रामीणों ने यह भी मांग की कि पूरे मामले की जांच कर यह पता लगाया जाए कि यदि वास्तव में प्रतिबंधित गौ मांस की तस्करी हो रही है तो इसके पीछे कौन लोग हैं और इसे कहां काटा या बेचा जाता है।थानाध्यक्ष चंद्रमणि ने घटना की पुष्टि करते हुये कहा कि टेम्पो पर खाल जैसा प्रतीत हो रहा हें ,उन्होंने कहा जांचोपरांत आगे की कारवाई की जाएगी।