छत से रोड़ेबाजी में राहगीर की मौत के मामले में  दोषी को पांच साल की कैद और 50 हजार जुर्माना

दरभंगा/विधि संवाददाता

सिविल कोर्ट दरभंगा का अपर सत्र न्यायाधीश उपेंद्र कुमार की अदालत ने हत्या के एक मामले में बहेड़ी निवासी स्व.नियामत का पुत्र मो. आजाद को पांच वर्षों की कारावास और पचास हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा मंगलवार को सुनाया है।कोर्ट ने 12 अगस्त को दोषसिद्ध कर जूर्मी का सजा अवधि निर्धारण के बिन्दु पर सूनवाई और निर्णय के लिए 25अगस्त की तिथि निर्धारित किया था ।लोक अभियोजक अमरेंद्र नारायण झा ने बताया कि 13 जून 26 को रात्री 9बजे में बहेड़ी में घर की छत से अभियुक्त द्वारा की जा रही रोड़ेबाजी में बहेड़ी निवासी राहगीर राजकपुर शर्मा गंभीर रुप से जख्मी हो गया।उसका सिर फट गया। सर्वप्रथम बहेड़ी अस्पताल में इलाज हुई। जख्मी का जख्म गंभीर होने को लेकर बेहतर इलाज के लिए डी एम सी एच भेजा गया। जहाँ भी जख्मी के जख्म का इलाज हुई और बेहतर इलाज के लिए पीएमसीएच रेफर कर दिया गया जहां इलाज के दौरान पीएमसीएच में जख्मी शर्मा की मौत हो गई।इसकी प्राथमिकी मृतक के चचेरा भाई सुरेश शर्मा के आवेदन पर भादवि की धारा 302 के तहत बहेड़ी थाना में कांड सं.201/24 दर्ज की गई।महज दो माह के अन्दर अनुसंधानकर्ता ने अनुसंधान पूर्ण कर अदालत में अभियुक्त के विरुद्ध आरोप पत्र समर्पित किया।अदालत में इस केश का बिचारण सत्रवाद सं.155/25 के तहत प्रारंभ हुआ।कोर्ट में अभियोजन पक्ष से एपीपी दिलीप कुमार साह ने आईओ,डाक्टर समेत सात गवाहों की गवाही कराई।बुधवार को उपेन्द्र कुमार की अदालत ने इस मामले की सूनवाई पुरी कर अभियुक्त को भादवि की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या) में दोषी घोषित किया है।जूर्मी 17 जून 24 से हीं काराधीन है।मंगलवार को सजा की अवधि निर्धारण के लिए वचाव पक्ष और अभियोजन पक्ष से बहश हुई। अदालत ने गैर इरादतन हत्या को देखते हुए पांच साल का कारावास और पचास हजार रुपये अर्थदण्ड की सजा सुनाई गई तथा अर्थदण्ड नहीं देने पर छह महीने का कारावास की सजा भूगतना पड़ेगा।