इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, डीजीपी और महाधिवक्ता को व्यक्तिगत पेशी का आदेश
इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, डीजीपी और महाधिवक्ता को व्यक्तिगत पेशी का आदेश
इलाहाबाद हाईकोर्ट सख्त, डीजीपी और महाधिवक्ता को व्यक्तिगत पेशी का आदेश
दस्तक 7मीडिया /दिल्ली
अदालत के निर्देशों का लगातार पालन नहीं किए जाने पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई है। न्यायमूर्ति समीर जैन की एकल पीठ ने उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण और महाधिवक्ता को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश होने का आदेश दिया है।
मामला हत्या के आरोपी पुष्पराज सिंह उर्फ बब्लू की जमानत याचिका से जुड़ा है। अदालत ने 16 जुलाई 2026 को घटना के समय और सीसीटीवी फुटेज के समय में सामने आई विसंगतियों पर राज्य सरकार को विस्तृत जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया था। हालांकि, सरकारी वकील ने बताया कि पुलिस विभाग को दो बार पत्र भेजे जाने के बावजूद कोई पुलिस अधिकारी जवाबी हलफनामा दाखिल कराने के लिए अदालत में उपस्थित नहीं हुआ।
इस पर हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारियों के रवैये पर गंभीर टिप्पणी की। अदालत ने कहा कि हाल के दिनों में पुलिस अधिकारी हाईकोर्ट के आदेशों का पालन करने में अनिच्छा दिखा रहे हैं और ऐसी स्थिति बार-बार सामने आ रही है। पुलिस की इस लापरवाही से हत्या जैसे गंभीर मामलों में भी जमानत याचिकाओं की सुनवाई में अनावश्यक देरी हो रही है, जिससे न्याय प्रक्रिया प्रभावित होती है।
अदालत ने डीजीपी से व्यक्तिगत रूप से पेश होकर यह स्पष्ट करने को कहा कि उनके अधीन काम करने वाले अधिकारी अदालत के आदेशों का पालन करने में आनाकानी क्यों कर रहे हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए अदालत ने 24 अगस्त 2026 को दोपहर दो बजे सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया था।
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