नगर पंचायत घनश्यामपुर का मुख्य ‘भगवती स्थान मार्ग’ प्रशासनिक उपेक्षा और बदहाली का जीवंत उदाहरण
नगर पंचायत घनश्यामपुर का मुख्य ‘भगवती स्थान मार्ग’ प्रशासनिक उपेक्षा और बदहाली का जीवंत उदाहरण
नगर पंचायत घनश्यामपुर का मुख्य ‘भगवती स्थान मार्ग’ प्रशासनिक उपेक्षा और बदहाली का जीवंत उदाहरण
दस्तक 7 मिडिया, घनश्यामपुर, दरभंगा।
बिरौल अनुमंडल के अंतर्गत नगर पंचायत घनश्यामपुर का मुख्य ‘भगवती स्थान मार्ग’ प्रशासनिक उपेक्षा और बदहाली का जीवंत उदाहरण बन चुका है। जिस जर्जर सड़क की मरम्मत मानसून की दस्तक से पहले पूरी हो जानी चाहिए थी, वह आज बदहाली के सबसे गंभीर दौर से गुजर रही है। आलम यह है कि इस मार्ग पर गाड़ियों के चलने की बात तो छोड़िए, राहगीरों का पैदल गुजरना भी किसी जोखिम से कम नहीं रह गया है। बारिश का मौसम शुरू होते ही इस मुख्य मार्ग पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे उभर आए हैं, जो अब जलभराव के कारण जानलेवा नाले में तब्दील हो चुके हैं। हर दिन श्रद्धालु भगवती स्थान दर्शन के लिए बच्चे पढ़ाई करने इसी मार्ग से होकर गुजरते हैं, लेकिन जलजमाव और फिसलन की वजह से लोग चोटिल होने को मजबूर हैं। स्थानीय ग्रामीणों और दुकानदारों का जीना मुहाल हो गया है, क्योंकि दिन-रात हादसों की आशंका बनी रहती है।
सड़क की दुर्दशा के साथ-साथ किनारे बनाए जा रहे नाले के निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नाला निर्माण में भारी अनियमितता और घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है। मानकों की अनदेखी के कारण नाला निकासी का समाधान बनने के बजाय खुद ही जलजमाव और हादसों का नया कारण बन गया है। प्रशासन और संबंधित ठेकेदार की इस उदासीनता से नगर पंचायत घनश्यामपुर के निवासियों में गहरा आक्रोश है। कहते हैं कि बरसात से पूर्व मरम्मत का वादा कागजों तक ही सीमित रह गया। आवागमन बाधित होने से स्थानीय व्यवसाय और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। बता दें कि यह मार्ग बिरौल अनुमंडल मुख्यालय गौड़ा बौराम प्रखंड क्षेत्र को भी जोड़ती है।