त्योहारों में हुड़दंगियों पर पुलिस का शिकंजा, आला अधिकारियों को मिली मजिस्ट्रेट की शक्ति, बिहार में आईजी से सिटी एसपी तक कर सकेंगे निवारक कार्रवाई, मुचलका भरवाने का मिला अधिकार
त्योहारों में हुड़दंगियों पर पुलिस का शिकंजा, आला अधिकारियों को मिली मजिस्ट्रेट की शक्ति, बिहार में आईजी से सिटी एसपी तक कर सकेंगे निवारक कार्रवाई, मुचलका भरवाने का मिला अधिकार
त्योहारों में हुड़दंगियों पर पुलिस का शिकंजा, आला अधिकारियों को मिली मजिस्ट्रेट की शक्ति,
बिहार में आईजी से सिटी एसपी तक कर सकेंगे निवारक कार्रवाई, मुचलका भरवाने का मिला अधिकार
दस्तक 7मीडिया /पटना
बिहार सरकार के गृह विभाग (आरक्षी शाखा) ने राज्य में विधि-व्यवस्था को और मजबूत करने तथा प्रमुख त्योहारों, मेलों और जुलूसों के दौरान शांति बनाए रखने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को विशेष कार्यपालक दंडाधिकारी की शक्तियां प्रदान की हैं। इस फैसले के बाद पुलिस के आला अधिकारी हुड़दंगियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ अपने स्तर से निवारक कार्रवाई कर सकेंगे।
नई व्यवस्था के तहत पुलिस अधिकारी संबंधित लोगों से मुचलका या बांड भरवाने की कार्रवाई कर सकेंगे। इससे संभावित उपद्रवियों पर समय रहते कार्रवाई करने में तेजी आएगी और विधि-व्यवस्था बिगाड़ने की आशंका को रोकने में पुलिस को अतिरिक्त अधिकार मिलेगा।
अब तक इस तरह की निवारक कार्रवाई का अधिकार मुख्य रूप से जिलाधिकारी और अनुमंडल दंडाधिकारी जैसे प्रशासनिक मजिस्ट्रेटों के पास था। पुलिस अधिकारियों को विशेष कार्यपालक दंडाधिकारी की शक्ति मिलने से मौके पर ही कार्रवाई की प्रक्रिया तेज होने की उम्मीद है।
बीएनएसएस की धाराओं के तहत मिली शक्ति
गृह विभाग के निर्णय के अनुसार वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 के अध्याय-9 की धारा 125 से 143 के तहत विशेष शक्तियां प्रदान की गई हैं। हालांकि यह व्यवस्था रेलवे पुलिस रेंज को छोड़कर निर्धारित पदों पर तैनात अधिकारियों के लिए प्रभावी होगी।
जिन अधिकारियों को यह शक्ति मिली हे उसमें आईजी,डीआईजी,एसएसपी,एसपी,सिटी एसपी,ग्रामीण एसपी शामिल हे।
प्रमुख त्योहारों में प्रभावी रहेगी व्यवस्था
यह विशेष व्यवस्था प्रमुख त्योहारों, मेलों और जुलूसों के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लागू होगी। इनमें सरस्वती पूजा, होली, रामनवमी, दुर्गापूजा, दीपावली, काली पूजा, छठ पूजा, ईद, बकरीद, मुहर्रम और शब-ए-बरात सहित अन्य प्रमुख आयोजन शामिल हैं।
सरकार के इस निर्णय से त्योहारों के दौरान संवेदनशील इलाकों में पुलिस की निवारक कार्रवाई को गति मिलने और उपद्रवियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।