बिहार पुलिस में बड़ा प्रशासनिक बदलाव: 4 प्रक्षेत्र बनाए गए, IG करेंगे कमान, कानून-व्यवस्था होगी और मजबूत,

राज्य सरकार ने पुलिस की जोनल व्यवस्था का किया पुनर्गठन, 12 क्षेत्रों को समेटकर 4 प्रक्षेत्र बनाए; हर प्रक्षेत्र में IG और उनके अधीन DIG स्तर के अधिकारी होंगे तैनात।

दस्तक 7मीडिया /संजय कुमार राय 

बिहार सरकार ने राज्य में कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से पुलिस की प्रक्षेत्रीय (जोनल) व्यवस्था का व्यापक पुनर्गठन कर दिया है। गृह विभाग की ओर से जारी संकल्प के अनुसार अब राज्य के 12 पुलिस क्षेत्रों (रेल क्षेत्र को छोड़कर) को पुनर्गठित कर चार बड़े प्रक्षेत्रों में बांटा गया है। प्रत्येक प्रक्षेत्र की कमान पुलिस महानिरीक्षक (IG) स्तर के अधिकारी के हाथों में होगी, जबकि उनके अधीन विभिन्न क्षेत्रों की जिम्मेदारी पुलिस उप-महानिरीक्षक (DIG) संभालेंगे।

सरकार का कहना है कि बढ़ती जनसंख्या, विस्तृत कार्यक्षेत्र, भौगोलिक दूरी और सीमित संसाधनों के कारण मौजूदा व्यवस्था में प्रशासनिक निगरानी और अपराध नियंत्रण प्रभावित हो रहा था। नई व्यवस्था से कानून-व्यवस्था की निगरानी, अपराध नियंत्रण, आपदा प्रबंधन और पुलिस प्रशासन की कार्यक्षमता में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है।

नई व्यवस्था के तहत पटना, मुजफ्फरपुर, दरभंगा और भागलपुर को चार प्रमुख प्रक्षेत्र बनाया गया है। इन प्रक्षेत्रों के अंतर्गत तीन-तीन पुलिस क्षेत्र शामिल किए गए हैं, जिनमें संबंधित जिलों की निगरानी IG स्तर के अधिकारी करेंगे। सरकार का मानना है कि इससे क्षेत्रवार रणनीति बनाना आसान होगा और पुलिस की जवाबदेही तथा कार्रवाई की गति दोनों बढ़ेंगी।

दरभंगा प्रक्षेत्र के अंतर्गत मिथिला, कोशी और पूर्णिया क्षेत्र को शामिल किया गया है, जबकि पटना प्रक्षेत्र में केंद्रीय, मगध और शाहाबाद क्षेत्र, मुजफ्फरपुर प्रक्षेत्र में तिरहुत, चंपारण और सारण क्षेत्र तथा भागलपुर प्रक्षेत्र में पूर्वी, मुंगेर और बेगूसराय क्षेत्र को रखा गया है।

गृह विभाग ने स्पष्ट किया है कि पूर्व प्रक्षेत्रीय कार्यालयों में कार्यरत पुलिस एवं सचिवालय संवर्ग के पदों का समायोजन बिहार पुलिस मुख्यालय द्वारा किया जाएगा। यदि पुनर्गठन के बाद अतिरिक्त पदों की आवश्यकता होगी तो उनकी स्वीकृति के लिए पुलिस मुख्यालय आगे की कार्रवाई करेगा।

सरकार के अवर सचिव दीपक कुमार द्वारा जारी इस संकल्प के अनुसार नई प्रक्षेत्रीय व्यवस्था संकल्प जारी होने की तिथि से तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है। सरकार का दावा है कि इस बदलाव से जनता को बेहतर पुलिस सेवाएं, त्वरित कार्रवाई और मजबूत कानून-व्यवस्था का लाभ मिलेगा।