प्रदर्शन से दूर रहें, पढ़ाई पर दें ध्यान : डीएम, कोचिंग संचालकों व छात्रावास प्रतिनिधियों के साथ बैठक, छात्रों को भ्रामक गतिविधियों से बचाने की अपील
प्रदर्शन से दूर रहें, पढ़ाई पर दें ध्यान : डीएम, कोचिंग संचालकों व छात्रावास प्रतिनिधियों के साथ बैठक, छात्रों को भ्रामक गतिविधियों से बचाने की अपील
प्रदर्शन से दूर रहें, पढ़ाई पर दें ध्यान : डीएम,
कोचिंग संचालकों व छात्रावास प्रतिनिधियों के साथ बैठक, छात्रों को भ्रामक गतिविधियों से बचाने की अपील
दस्तक 7मीडिया /दरभंगा
जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शुक्रवार को समाहरणालय स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर सभागार में जिलाधिकारी कौशल कुमार और वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी की संयुक्त अध्यक्षता में निजी कोचिंग संस्थानों के संचालकों, छात्रावास अधीक्षकों, छात्र प्रतिनिधियों और जिला स्तरीय अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक हुई।
बैठक में वर्तमान परिस्थितियों के मद्देनजर छात्रों की सुरक्षा, शैक्षणिक माहौल बनाए रखने तथा सामाजिक सौहार्द कायम रखने को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने कोचिंग संचालकों से कहा कि वे विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार के विरोध-प्रदर्शन में शामिल होने से रोकें और उन्हें अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने के लिए प्रेरित करें। साथ ही अफवाहों और भ्रामक प्रचार से सतर्क रहने की सलाह भी दें।
डीएम ने कहा कि कुछ असामाजिक तत्व विरोध-प्रदर्शनों की आड़ में छात्रों को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं। ऐसे समय में कोचिंग संस्थानों और छात्रावास प्रबंधन की जिम्मेदारी अभिभावक की तरह है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों का मुख्य उद्देश्य शिक्षा प्राप्त कर अपने भविष्य का निर्माण करना होना चाहिए।
बैठक में जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि कोचिंग संस्थान किसी भी राजनीतिक गतिविधि का मंच न बनें। उन्होंने बताया कि हाल के प्रदर्शन के मामले में 32 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है, जिनमें अधिकांश छात्र हैं। इससे संबंधित विद्यार्थियों के उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं, सरकारी नौकरी, पासपोर्ट, चरित्र सत्यापन और अन्य अवसरों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
वरीय पुलिस अधीक्षक जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी ने सभी से कानून-व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी अफवाह, भ्रामक सूचना या उकसावे में न आएं और ऐसी गतिविधियों की तत्काल पुलिस को सूचना दें।
बैठक में प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यदि कोई व्यक्ति विरोध-प्रदर्शन की आड़ में सरकारी या सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने अथवा शांति व्यवस्था भंग करने का प्रयास करेगा तो उसके विरुद्ध विधिसम्मत कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में सहायक समाहर्ता कल्पना रावत सहित कई वरीय प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी उपस्थित रहे।