गायघाट में बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही: ट्रांसफार्मर लगाया, लेकिन तार जोड़ना भूल गए; महीनों से अंधेरे में ग्रामीण,

लो वोल्टेज की समस्या दूर करने के लिए लगाया गया था नया ट्रांसफार्मर, जेई पर उदासीनता का आरोप; कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी

दस्तक 7मीडिया /दरभंगा 

बिजली विभाग की लापरवाही का एक चौंकाने वाला मामला गायघाट प्रखंड से सामने आया है। यहां लो वोल्टेज की समस्या से राहत दिलाने के उद्देश्य से नया ट्रांसफार्मर तो स्थापित कर दिया गया, लेकिन उसे बिजली लाइन से जोड़ने के लिए अब तक तार ही नहीं लगाया गया। नतीजा यह है कि लाखों रुपये की सरकारी संपत्ति महीनों से शो-पीस बनी हुई है और ग्रामीण बिजली संकट झेलने को मजबूर हैं।

ग्रामीणों के अनुसार, इलाके में लंबे समय से कम वोल्टेज की समस्या बनी हुई थी। कई बार शिकायत और मांग के बाद बिजली विभाग ने नया ट्रांसफार्मर तो लगा दिया, लेकिन उसे चालू करने की दिशा में कोई कदम नहीं उठाया। तार नहीं जुड़ने के कारण ट्रांसफार्मर बेकार पड़ा है और लोगों को इसका कोई लाभ नहीं मिल रहा है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पूरे मामले में स्थानीय कनीय अभियंता (जेई) की घोर उदासीनता सामने आई है। कई बार कार्यालय का चक्कर लगाने और आवेदन देने के बावजूद केवल आश्वासन मिलता है, लेकिन काम नहीं हो रहा है। इससे गांव के लोगों में विभाग के प्रति भारी नाराजगी है।

ग्रामीणों का कहना है कि भीषण गर्मी में बिजली की समस्या ने उनका जीवन मुश्किल बना दिया है। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और लोग गर्मी से बेहाल हैं। उनका कहना है कि यदि जल्द ट्रांसफार्मर को लाइन से जोड़कर चालू नहीं किया गया, तो गांव के लोग आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

ग्रामीणों ने बताया कि वर्षों की मांग के बाद ट्रांसफार्मर मिला था। उम्मीद थी कि लो वोल्टेज की समस्या खत्म हो जाएगी, लेकिन अब यह केवल देखने की वस्तु बनकर रह गया है। उनका आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी मामले को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।

अब बड़ा सवाल यह है कि जब सरकार हर घर तक गुणवत्तापूर्ण बिजली पहुंचाने का दावा कर रही है, तब विभागीय लापरवाही से ऐसे हालात क्यों पैदा हो रहे हैं? देखना होगा कि बिजली विभाग के वरीय अधिकारी इस मामले का संज्ञान लेकर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करते हैं या फिर गायघाट के ग्रामीण यूं ही अंधेरे में रहने को विवश रहेंगे।