पेट्रोल पंप में 90 लाख रुपये के गबन का आरोप, मैनेजर पर एफआईआर; बैंक खाते, संपत्ति और मनी ट्रेल की होगी जांच,

लहेरियासराय के पेट्रोल पंप संचालक ने लगाया गंभीर आरोप, सीसीटीवी फुटेज और वित्तीय लेन-देन की जांच शुरू

दस्तक 7मीडिया /दरभंगा 

लहेरियासराय थाना क्षेत्र स्थित बेंता के एक पेट्रोल पंप में करीब 90 लाख रुपये से अधिक के कथित गबन का मामला सामने आया है। पेट्रोल पंप संचालक पंकज कुमार पराशर की शिकायत पर प्रबंधक कंचन कुमार चौधरी के विरुद्ध लहेरियासराय थाना में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।

शिकायत के अनुसार, कंचन कुमार चौधरी पिछले 10-12 वर्षों से पेट्रोल पंप में प्रबंधक के रूप में कार्यरत था। दीपावली के दौरान दूसरे प्रबंधक के घायल होने के बाद उसे नकदी, बैंक जमा और लेखा-जोखा की पूरी जिम्मेदारी सौंप दी गई थी।

संचालक ने बताया कि 30 जून 2026 को बैंक से अधिक ब्याज कटने का एसएमएस मिलने पर उन्हें संदेह हुआ। रिकॉर्ड की जांच में सामने आया कि पेट्रोल पंप की दैनिक बिक्री की पूरी राशि नियमित रूप से बैंक में जमा नहीं की जा रही थी। प्रारंभिक जांच में अब तक 90 लाख रुपये से अधिक के गबन की आशंका जताई गई है। आरोप है कि केवल जून माह में ही 20.17 लाख रुपये कम जमा किए गए।

शिकायत में यह भी दावा किया गया है कि सीसीटीवी फुटेज में आरोपी महत्वपूर्ण अभिलेख ले जाते हुए दिखाई दे रहा है, जिससे साक्ष्य मिटाने की आशंका जताई गई है। संचालक ने आरोप लगाया है कि गबन की राशि से आरोपी ने महिंद्रा स्कॉर्पियो-एन खरीदी और पैतृक गांव पटोरी में मकान निर्माण पर भी रकम खर्च की।

संचालक ने पुलिस से आरोपी और उसके परिजनों के बैंक खातों, संपत्ति, वित्तीय लेन-देन (मनी ट्रेल) की जांच कराने, जरूरत पड़ने पर खाते फ्रीज करने तथा गबन की राशि बरामद करने की मांग की है।

लहेरियासराय थानाध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि लिखित आवेदन के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।