दरभंगा में सनसनी: एएसआई को गोली लगने के बाद युवक की पीट-पीटकर व धारदार हथियार से हत्या, गांव में भारी पुलिस बल तैनात
दस्तक 7मीडिया /दरभंगा
बिहार के दरभंगा जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां बहादुरपुर थाना क्षेत्र के ओझौल गांव में शुक्रवार की सुबह एक युवक की तलवार /फरसा से काटकर बेरहमी से हत्या कर दी गई हे वहीं एक एएसआई के पेट में गोली लगी हे जिसका इलाज निजी अस्पताल में हो रहा हे।
मृतक की पहचान दिलीप सहनी के पुत्र सुनील सहनी के रूप में हुई है. हत्या का आरोप बिहार पुलिस के एक एएसआई मोहम्मद मोबिन पर लोग लगा रहे है, जो वर्तमान में पटना में तैनात बताया जा रहा है. जबकि ग्रामीण बताते हे कि पहले एएसआई मो मोमिन के पेट में आयें कुछ लोंगों ने गोली मारी हे ,जिस कारण माहौल बिगड़ गया ?मोमिन का इलाज निजी अस्पताल में चल रहा हे। उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई हे ,खबर लिखे जाने तक पेट से गोली नहीं निकली हे। घटना शुक्रवार के तड़के सुबह 4- 5बजे के करीब हुई हे ,सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष दल बल के साथ घटना स्थल पर पहुंचे ,लोंगों को समझाते हुये पुलिस ने लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिये डीएमसीएच भेजा।
स्थानीय लोगों के अनुसार, तीन साल पहले सुनील ने गांव के ही मो. बिहारी की पुत्री सानिया से प्रेम विवाह किया था. शादी के बाद से सुनील अपनी पत्नी और परिवार के साथ अहमदाबाद में रहता था. दो दिन पहले ही सुनील अपनी पत्नी को लेकर गांव आया था, जिसके बाद उसकी पत्नी अपने मायके चली गई थी. शुक्रवार की सुबह तड़के करीब चार बजे सानिया के चाचा एएसआई मो. मोबिन ताजिया के आगे एक मंदिर के पास खड़े थे , चर्चा हे कि इसी बीच तीन युवक वहां पहुंचे जहां एएसआई को गोली मार दी ,गोली चलने की आवाज सुनते ही पूरे गांव के लोग इकट्ठा हो गये और वहां आयें तीनों लड़के को खदेड़ना शुरू कर दिया जिसमें सुनील पकड़ में आ गया ,सूत्र बताते हे कि आक्रोशित लोंगों ने सुनील को लोहे के रोड लप्पड़ थप्पड़ से मारना शुरू किया ,इसी बीच किसी ने सुनील को फरसा /तलवार मारकर उसकी हत्या कर दी।
घटना के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ओझौल गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है, और पोस्टमार्टम कक्ष के बाहर भी भारी पुलिस बल तैनात है.
घटना की सूचना मिलते ही दरभंगा के एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जलारेड्डी ने स्वयं घटनास्थल का दौरा किया. उन्होंने स्थानीय एसडीपीओ को मामले में त्वरित कार्रवाई करने और अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं. साक्ष्यों को सुरक्षित करने के लिए FSL की टीम को भी मौके पर बुलााया गया।
पुलिस ने बताया कि मृतक सुनील सहनी का पूर्व से आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ दरभंगा और आसपास के जिलों के विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, मारपीट, दंगा सहित कई गंभीर धाराओं में चार मामले दर्ज हैं।
