दिल्ली से बिहार एवं पूर्वोत्तर भारत के लिए ट्रेनों की संख्या बढ़ाने एवं समयबद्ध संचालन की मांग
दिल्ली से बिहार एवं पूर्वोत्तर भारत के लिए ट्रेनों की संख्या बढ़ाने एवं समयबद्ध संचालन की मांग
दिल्ली से बिहार एवं पूर्वोत्तर भारत के लिए ट्रेनों की संख्या बढ़ाने एवं समयबद्ध संचालन की मांग
दस्तक 7 मिडिया, गुरुग्राम
समाजसेवी एवं मीडिया प्रतिनिधि इं.आर.के. जायसवाल ने रेल मंत्री, भारत सरकार को पत्र लिखकर दिल्ली से बिहार एवं पूर्वोत्तर भारत की ओर जाने वाली ट्रेनों में बढ़ती यात्री संख्या, ट्रेनों के लगातार विलंब तथा यात्रियों को हो रही भारी असुविधाओं पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि बिहार एवं पूर्वोत्तर राज्यों की ओर जाने वाली ट्रेनों में यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जबकि उपलब्ध ट्रेनों की संख्या और क्षमता वर्तमान मांग के अनुरूप नहीं है। स्थिति यह है कि यात्रा की तिथि से 90 दिन पूर्व आरक्षण कराने के बावजूद अधिकांश यात्रियों को कन्फर्म टिकट नहीं मिल पाता। दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा एवं आसपास के क्षेत्रों में बिहार तथा पूर्वोत्तर राज्यों के लाखों लोग रोजगार, व्यवसाय, शिक्षा एवं अन्य कारणों से निवास करते हैं, जिसके कारण इन मार्गों पर ट्रेनों की मांग वर्षभर बनी रहती है।
श्री जायसवाल ने यह भी बताया कि हाल के दिनों में कई ट्रेनों के अत्यधिक विलंब से चलने के कारण यात्रियों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यात्रा योजनाएं प्रभावित हो रही हैं, अन्य परिवहन साधनों से जुड़ी यात्राएं बाधित हो रही हैं तथा यात्रियों के व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक कार्यों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि ट्रेनों के लंबे विलंब के कारण रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की भारी भीड़ एकत्रित हो जाती है, जिससे अव्यवस्था, अफरा-तफरी और सुरक्षा संबंधी चुनौतियां उत्पन्न हो जाती हैं। विशेष रूप से बच्चों, महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों एवं दिव्यांग यात्रियों को अत्यधिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। रेल मंत्री से मांग करते हुए उन्होंने कहा कि यात्रियों को समय पर एवं सटीक जानकारी उपलब्ध कराई जाए, स्टेशनों पर आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं तथा ट्रेनों के विलंब को कम करने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं। साथ ही जनहित में बिहार एवं पूर्वोत्तर भारत की ओर जाने वाली ट्रेनों की संख्या बढ़ाने, नई ट्रेनों का संचालन करने तथा मौजूदा ट्रेनों में अतिरिक्त कोच लगाए जाने पर शीघ्र निर्णय लिया जाए। उन्होंने आशा व्यक्त की कि रेलवे मंत्रालय यात्रियों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाएगा, जिससे लाखों यात्रियों को राहत मिल सकेगी।