गुरुग्राम में हाई-राइज भवनों की सुरक्षा पर उठे सवाल, समाज सेवी आर.के.जायसवाल ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
गुरुग्राम में हाई-राइज भवनों की सुरक्षा पर उठे सवाल, समाज सेवी आर.के.जायसवाल ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
गुरुग्राम में हाई-राइज भवनों की सुरक्षा पर उठे सवाल, समाज सेवी आर.के.जायसवाल ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र
दस्तक 7 मिडिया, गुरुग्राम।
गुरुग्राम में आधुनिक अग्निशमन संसाधनों की कमी और हाई-राइज भवनों की सुरक्षा को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर तत्काल प्रभाव से ठोस कदम उठाने की मांग की है। समाज सेवी जायसवाल ने अपने पत्र में हाल ही में गाजियाबाद के 15 मंजिला अपार्टमेंट तथा दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल में हुए भीषण अग्निकांडों का उल्लेख करते हुए कहा कि इन घटनाओं ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। उन्होंने कहा कि इस वर्ष अप्रैल तक विभिन्न क्षेत्रों में आग लगने की कुल 6691 घटनाएं दर्ज की गई हैं, जबकि जनवरी 2026 से 3 जून 2026 के बीच हुई आग की सैकड़ों घटनाओं में सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी सहित 73 लोगों की जान जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि इन दर्दनाक घटनाओं ने महानगरों में तेजी से विकसित हो रहे हाई-राइज भवनों की सुरक्षा व्यवस्था, अग्नि सुरक्षा मानकों के पालन तथा आपदा प्रबंधन की तैयारियों पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़े कर दिए हैं। अग्नि सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता, नियमित निरीक्षण तथा आपातकालीन निकासी व्यवस्था की प्रभावशीलता की समीक्षा करना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम देश के प्रमुख आर्थिक एवं कॉर्पोरेट केंद्रों में से एक है तथा हरियाणा के राजस्व में महत्वपूर्ण योगदान देता है। इसके बावजूद शहर में आधुनिक अग्निशमन संसाधनों की स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्तमान में शहर में केवल 42 फीट तक पहुंचने वाले फायर टेंडर उपलब्ध हैं, जबकि लगभग 60 मीटर ऊंचाई तक पहुंचने वाली महत्वपूर्ण हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म मशीन लंबे समय से खराब पड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम में बड़ी संख्या में विश्वस्तरीय बहुमंजिला आवासीय एवं व्यावसायिक इमारतें मौजूद हैं तथा लगातार नई ऊंची इमारतों का निर्माण हो रहा है। ऐसी स्थिति में पर्याप्त ऊंचाई तक पहुंचने वाले आधुनिक फायर टेंडरों, प्रशिक्षित मानव संसाधन तथा अत्याधुनिक अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता अत्यंत आवश्यक है। जायसवाल ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि गुरुग्राम सहित प्रदेश के प्रमुख शहरों में कम से कम 60 मीटर अथवा उससे अधिक ऊंचाई तक पहुंचने वाले आधुनिक फायर टेंडर, ड्रोन फायर फाइटिंग सिस्टम, कैप्सूल फायर टेंडर, हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म टेंडर, हैजमैट वाहन तथा अन्य आधुनिक रेस्क्यू उपकरण उपलब्ध कराए जाएं। उन्होंने कहा कि वर्तमान में ऐसी अधिकांश सुविधाएं गुरुग्राम के अग्निशमन बेड़े में उपलब्ध नहीं हैं, जिससे किसी बड़ी आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्य प्रभावित हो सकते हैं।अपने पत्र में उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि खराब पड़ी 60 मीटर हाइड्रोलिक प्लेटफॉर्म मशीन को तत्काल दुरुस्त कराया जाए, सभी हाई-राइज भवनों का विशेष अग्नि सुरक्षा ऑडिट कराया जाए, अग्निशमन विभाग में पर्याप्त मानव संसाधन एवं तकनीकी प्रशिक्षण सुनिश्चित किया जाए तथा भविष्य की शहरी विकास योजनाओं में अग्निशमन अवसंरचना को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम जैसे वैश्विक पहचान रखने वाले शहर में अग्निशमन सुविधाओं की ऐसी कमी जनसुरक्षा के दृष्टिकोण से अत्यंत गंभीर विषय है। समय रहते प्रभावी कदम उठाकर संभावित दुर्घटनाओं से होने वाली जन-धन की हानि को काफी हद तक रोका जा सकता है।