सिंहवाड़ा में मानसिक रूप से बीमार युवती 100 फीट ऊंचे हाईटेंशन टावर पर चढ़ी, 3 घंटे रेस्क्यू के बाद उतरी सुरक्षित
सिंहवाड़ा में मानसिक रूप से बीमार युवती 100 फीट ऊंचे हाईटेंशन टावर पर चढ़ी, 3 घंटे रेस्क्यू के बाद उतरी सुरक्षित
सिंहवाड़ा में मानसिक रूप से बीमार युवती 100 फीट ऊंचे हाईटेंशन टावर पर चढ़ी, 3 घंटे रेस्क्यू के बाद उतरी सुरक्षित
दस्तक 7मीडिया /सिंहबाड़ा
थाना क्षेत्र के कलीगाँव पंचायत में शुक्रवार शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब एक मानसिक रूप से बीमार युवती 132 केवी के हाईटेंशन लाइन के टावर पर चढ़ गई। करीब 100 फीट ऊंचे टावर पर युवती को देखकर हजारों लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद युवती ख़ुद सुरक्षित नीचे उतारा उतरी बताया जाता है की वो मवेशी चराने गई थी इसी बीच अचानक टावर पर चढ़ी लड़की की माँ इंद्रा देवी ने बताया की बेटी शुक्रवार शाम करीब 4 बजे घर से मवेशी लेकर चौर में चराने गई थी। इसी दौरान वह अचानक पास से गुजर रहे हाईटेंशन लाइन के टावर पर चढ़ने लगी। देखते ही देखते वह टावर के सबसे ऊपर पहुंच गई। स्थानीय लोगों ने जब युवती को टावर पर देखा तो हड़कंप मच गया। कुछ ही देर में घटनास्थल पर हजारों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने तुरंत इसकी सूचना सिंहवाड़ा पुलिस को दी। सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। खतरे को देखते हुए सबसे पहले विद्युत विभाग को फोन कर हाईटेंशन लाइन की बिजली कटवाई गई। इसके बाद पुलिस, फायर ब्रिगेड और स्थानीय युवकों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू हुआ।
युवती टावर पर बैठी थी और नीचे उतरने को तैयार नहीं थी। युवती की माँ ने बताया की मेरी बेटी बचपन से ही कान से कम सुनती है और बहुत कम बोलती है। मानसिक रूप से भी थोड़ी कमजोर है। आज वो हमेशा की तरह मवेशी चराने गई थी। पता नहीं कैसे टावर पर चढ़ गई। भगवान का शुक्र है कि बच्ची सही सलामत बच गई। रेस्क्यू के बाद युवती को तुरंत सिंहवाड़ा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों ने बताया कि युवती को मामूली खरोंचें आई हैं, लेकिन वह पूरी तरह सुरक्षित है। सदमे के कारण वह सहमी हुई है। उसका इलाज चल रहा है। सिंहवाड़ा थानाध्यक्ष ने बताया, सूचना मिलते ही हमने तुरंत बिजली विभाग से लाइन बंद करवाई। अगर बिजली चालू रहती तो बड़ा हादसा हो सकता था। स्थानीय लोगों के सहयोग से बच्ची को सुरक्षित बचा लिया गया। परिजनों को हिदायत दी गई है कि युवती का विशेष ध्यान रखें और इलाज कराएं।