भक्ति के सागर में डूबा महवा गांव : पंचमुखी हनुमान मंदिर में ‘रामायण नवाह संकीर्तन’ की धूम

दस्तक7मिडिया, बिरौल, दरभंगा।

रामनवमी के पावन अवसर के आगमन से पूर्व बिरौल प्रखंड के महवा ग्राम स्थित प्रसिद्ध पंचमुखी हनुमान मंदिर का परिसर पूरी तरह भक्तिमय हो गया है। यहां आयोजित हो रहे भव्य ‘रामायण नवाह संकीर्तन’ ने पूरे क्षेत्र को आध्यात्मिक रंग में सराबोर कर दिया है। प्रतिदिन उमड़ रही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और जय श्रीराम के उद्घोष से वातावरण गुंजायमान है।

कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ मंदिर के पुजारी पंडित कामेश्वर चौधरी द्वारा विशेष पूजा-अर्चना के साथ किया गया। आयोजन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि ऐसे अनुष्ठान समाज में नैतिक मूल्यों और सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखते हैं। यह संकीर्तन न केवल आत्मिक शांति का मार्ग है, बल्कि समाज में आपसी प्रेम और सौहार्द बढ़ाने का भी एक सशक्त माध्यम है।
इस आध्यात्मिक समागम में व्यास श्री सनत कुमार चौधरी द्वारा रामायण के प्रसंगों का अत्यंत सरल और भावपूर्ण वर्णन किया जा रहा है, जिसे श्रोता मंत्रमुग्ध होकर सुन रहे हैं। कीर्तन मंडली की जुगलबंदी विशेष आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। तबला वादक शंकर जी की थाप पर अरुण चौधरी, लाल बहादुर चौधरी (शास्त्री जी), शिव शरण राय ‘गगन’, चंद्रकांत चौधरी, रमेश चौधरी, राम किशोर चौधरी, राम सुजान चौधरी, अमरेंद्र कुमार राय, गोपाल महदास एवं जयराम चौधरी के भजनों ने श्रद्धालुओं को झूमने पर मजबूर कर दिया है। इस वृहद आयोजन को सफल बनाने में स्थानीय समाजसेवियों और ग्रामीणों का विशेष योगदान है। मुख्य रूप से अभय कुमार झा और शशि भूषण राय, विद्याभूषण सहित दर्जनों कार्यकर्ता व्यवस्था संभालने में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। आयोजन समिति ने सभी सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सामूहिक प्रयास ही धर्म और समाज को एकजुट करते हैं।