दरभंगा

समस्तीपुर जिला बल मे एक महिला सिपाही द्वारा खुदकुशी किये जानें के मामले मे एसपी विनय कुमार तिवारी ने पूरे मामले से पर्दा उठा दिया हैं।
उन्होंने कहा कि इस खुदकुशी के मामले मे नगर थाना मे मामला दर्ज हैं और पुलिस बिन्दुवार उसकी जांच कर रही हैं। उन्होंने कहा कि मृतिका का मोवाइल पति सुमन कुमार के पास हैं जिसे बार बार मांगा जा रहा हैं और उनके द्वारा वह मोवाइल पुलिस को उपलब्ध नहीं कराया जा रहा हैं यह खुद मे अनुशासन की अवहेलना हैं।
उन्होंने कहा कि सिपाही अर्चना कुमारी( 770)कंट्रोल रूम मे पदस्थापित थी। दोनों पति पत्नी समस्तीपुर जिला बल मे ही तैनात थी। एसपी श्री तिवारी ने कहा कि जनवरी से मार्च 23तक बैरक की आवंटन प्रक्रिया के तहत सभी पुलिसकर्मियों से आवेदन की मांग की गई ताकि जरूरतमंद कर्मियों को आवास आवंटित किया जा सके। इसी प्रक्रिया के तहत सिपाही अर्चना का भी आवंटन प्राप्त हुआ था। उन्होंने कहा कि आवास आवंटन के लिये विधिवत एक बोर्ड बना हुआ हैं। ऐसे पुलिसकर्मी जो शहर मे डयूटी कर रहें हैं या फिर पति पत्नी हैं ,या जो स्वास्थ्य से बिल्कुल लाचार हैं,उन्हें आवास देने के लिये विभाग मे एक प्रक्रिया हैं जिस प्रक्रिया को पूरा करने के बाद जरूरतमंद पुलिस कर्मी को आवास आवंटित किया जाता हैं। इसी प्रक्रिया के तहत महिला सिपाही अर्चना को G 3 आवास आवंटन हुआ था और वह अपनी सहमति भी जताई थी,लेकिन दो दिनों के बाद उसने इस आवास को लेकर असहमति जता दी ,यही नहीं महिला सिपाही के पति सुमन ने S 3 आवास का ताला तोड़कर उसमें घुस गये जो नियमसंगत नहीं था। उन्होंने बताया कि पांच जुलाई को पुलिस लाइन के जीपी प्रभारी ने इसे लेकर सूचना दी थी जिस कारण सुमन को निलंबित कर दिया गया। एसपी ने कहा कि जुलाई से सितंबर तक उनसे पांच बार स्पष्टीकरण मांगा गया लेकिन उन्होंने स्पष्टीकरण का जवाब नहीं दिया। जुलाई से सितंबर तक सिपाही सुमन (1172)को कई बार पुलिस लाइन बुलाया गया लेकिन वे उपस्थित नहीं हुये। घटना से एक दिन पूर्व वे आवंटित भवन G 3 मे शिफ्ट हुये जो उन्हें या सिपाही अर्चना को पसंद नहीं था। उन्होंने कहा कि अगर वह भवन पसंद नहीं था तो उसकी भी एक प्रक्रिया हैं ,फिर से आवेदन करते और आवास बोर्ड के सदस्य विचार करते हुये पहले आवंटित हुये आवास को रद्द करते हुये नये आवास की स्वीकृत प्रदान की जाती। इस कारण ही उन्हें बुलाया जा रहा था लेकिन वह उपस्थित नहीं हुये।
इस बीच13सितंबर को सूचना मिली कि एक महिला सिपाही ने आत्महत्या कर ली हैं। इस सूचना पर जब सभी पुलिसकर्मी वहां पहुंचे तो तीन तरफ दीवाल था वहीं सामने से दरवाजा था। खिड़की का शीशा तोड़कर देखा गया तो वह खुदकशी कर ली थी। फिर दरवाजा तोड़कर उसके शरीर को अस्पताल ले जाया गया लेकिन उससे पहले उसकी अंतिम सांस चली गई थी।

एसपी ने यह भी कहा कि घटना से पूर्व मृतिका ने अपने पति के भाई को व्हाट्सएप काल की थी। इसीलिये मृतिका का मोवाइल अनुसंधान के लिये जरूरी हैं लेकिन मृतिका के पति सुमन उस मोवाइल को खुद के पास रखें हुये हैं लेकिन उस मोवाइल को अनुसंधानकर्ता के समक्ष प्रस्तुत नहीं कर रहें हैं।
यहां बता कि किसी भी विभाग के कोई भी कर्मी सरकारी आदेशानुसार किसी काम को करते हैं और हर कामों के लिये नियम बना हुआ हैं।