पृथ्वी एवं प्रेरणा जीविका महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति में गूंजा नारा,”स्वस्थ शरीर की है माया, जब दस में से पांच रंग का भोजन खाय”
पृथ्वी एवं प्रेरणा जीविका महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति में गूंजा नारा,”स्वस्थ शरीर की है माया, जब दस में से पांच रंग का भोजन खाय”
पृथ्वी एवं प्रेरणा जीविका महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति में गूंजा नारा,”स्वस्थ शरीर की है माया, जब दस में से पांच रंग का भोजन खाय”
दस्तक7मिडिया, बिरौल, दरभंगा।
जीविका बिरौल के द्वारा संपोषित पृथ्वी एवं प्रेरणा जीविका महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति के कार्यालय परिसर में गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और समुदाय के बीच सही पोषण के प्रति जागरूकता फैलाने के उदेश्य से “खाद्य विविधता समारोह का भव्य आयोजन किया गया | कार्यक्रम की अध्यक्षता पृथ्वी सहकारी समिति में अध्यक्ष हीरा देवी एवं प्रेरणा सहकारी समिति में अध्यक्ष प्रीति देवी ने की। कार्यक्रम के दौरान पृथ्वी सहकारी समिति क्षेत्रीय समन्वयक सह स्वास्थ्य ,पोषण एवं स्वक्षता नोडल मनोज कुमार तथा प्रेरणा सहकारी समिति में क्षेत्रीय समन्वयक इन्द्रजीत कुमार के नेतृत्व में बेहतर कार्य करने वाले सामुदायिक प्रेरक,स्वस्थ्य पोषण एवं स्वक्षता एम आर पी,सी एन आर पी को उनके समर्पण के लिए पुरस्कार से सम्मानित किया गया। साथ ही, उन धात्री माताओं और गर्भवती महिलाओं को भी पुरस्कृत किया गया जिन्होंने स्वास्थ्य मानकों का बेहतर पालन किया है।
दोनों जगहों के कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण खाद्य समूहों पर आधारित ‘रंगोली प्रदर्शनी’ और पोषण युक्त खाद्य समूहों से सजी हुई थालियां’ के माध्यम से यह प्रदर्शित किया गया कि एक संतुलित थाली में 10 विभिन्न खाद्य समूहों में से कम से कम 5 समूहों का होना क्यों अनिवार्य है। उपस्थित महिलाओं को समझाया गया कि शरीर में सूक्ष्म पोषक तत्वों की कमी से होने वाले एनिमिया जैसी बीमारी को केवल विविध प्रकार के भोजन से ही दूर किया जा सकता है।सभा को संबोधित करते हुए प्रेरण सी एल ऍफ़ के एसी इद्रजित कुमार ने कहा कि-“आज हमारे प्रेरणा CLF के लिए गर्व का दिन है। हमारा उद्देश्य केवल आर्थिक सशक्तिकरण नहीं, बल्कि एक स्वस्थ समाज का निर्माण भी है। जब हमारी धात्री माताएं और गर्भवती महिलाएं सही पोषण लेंगी, तभी एक स्वस्थ पीढ़ी का जन्म होगा। आज सम्मानित होने वाले कैडर्स हमारी रीढ़ हैं, जो घर-घर जाकर इस बदलाव की अलख जगा रहे हैं।”पृथ्वी सी एल एफ मे सामुदायिक समन्वयक श्याम कुमार एवं अमित कुमार ने कहा की -“खाद्य विविधता का अर्थ केवल पेट भरना नहीं, बल्कि शरीर को आवश्यक पोषक तत्व देना है। सी एल एफ़ ने रंगोली और खाद्य सामग्री से सजी थाली प्रदर्शन के माध्यम से यह दिखाया है कि कैसे हम अपने स्थानीय और सुलभ भोजन में से ’10 में से कम से कम 5′ खाद्य समूहों को शामिल कर सकते हैं। उन्होंने कहा की इस संवाद की गूंज हर घर तक पहुँचनी चाहिए ताकि कोई भी माँ या बच्चा कुपोषित न रहे। कार्यक्रम को नितीश कुमार यादव,सरस्वती कुमारी,निरण कुमारी,मयाशंकर कुमार, नीलम देवी ,आशा देवी, कुमारी गूंजन,आरती कुमारी ,फुल देवी ,सोनी कुमारी ,ममता देवी,अंजू कुमारी,सविता देवी ,राकेश कुमार सिंह ,विक्रम कुमार, सस्कृति रानी ,पिंकी कुमारी और सुमन देवी,गौरी कुमारी के अत्रिरिक्त सैंकड़ो की संख्या में जीविका की दीदियां सामिल थी |