भारतीय राजनीति के महान नायक थे कर्पूरी ठाकुर : उदय शंकर यादव,

जननायक कर्पूरी ठाकुर की 102वीं जयंती, सामाजिक न्याय का लिया संकल्प

दस्तक 7 मीडिया दरभंगा /

जननायक कर्पूरी ठाकुर जी की 102वीं जयंती के अवसर पर राष्ट्रीय जनता दल परिवार,दरभंगा की ओर से एक श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम पूर्व एमएलसी प्रत्याशी सह राजद जिला अध्यक्ष उदय शंकर यादव की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान राजद के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जननायक कर्पूरी ठाकुर जी के चित्र पर पुष्प अर्पित किए,माल्यार्पण किया और उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष उदय शंकर यादव ने कहा कि भारत रत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर जी भारतीय इतिहास के महान नेता और सच्चे समाजवादी थे। उन्होंने अपना पूरा जीवन गरीबों,शोषितों और वंचितों के अधिकारों के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने कहा कि भले ही कर्पूरी ठाकुर जी आज हमारे बीच नहीं हैं,लेकिन उनके विचार,संघर्ष और त्याग हमेशा लोगों के दिलों में जीवित रहेंगे। आने वाली पीढ़ियां भी उन्हें कभी नहीं भूल सकतीं। वक्ताओं ने कहा कि कर्पूरी ठाकुर जी ने हमेशा सामाजिक न्याय,समानता और गरीबों के हक की बात की। वे ऐसे नेता थे जिन्होंने सत्ता में रहते हुए भी आम जनता के हित में काम किया। उन्होंने बिना किसी भेदभाव के समाज के हर वर्ग को आगे बढ़ाने का प्रयास किया। वक्ताओं ने यह भी कहा कि आज कुछ लोग केवल दिखावे के लिए उनकी जयंती मना रहे हैं,जबकि जब कर्पूरी ठाकुर जी जीवित थे,तब उन्हीं लोगों ने उनके विचारों और नीतियों का विरोध किया था। सभा में यह बात प्रमुखता से उठाई गई कि अगर वास्तव में कर्पूरी ठाकुर जी के प्रति सच्ची श्रद्धा है,तो उनके सपनों को जमीन पर उतारना चाहिए। जिनके पास आज सत्ता है,वे चाहें तो उनके अधूरे सपनों को आसानी से पूरा कर सकते हैं। केवल फूल चढ़ाना और श्रद्धांजलि देना काफी नहीं है। आज भी समाज के गरीब और वंचित वर्ग के साथ अन्याय हो रहा है और यह सच्चाई हमें और आने वाली पीढ़ियों को समझने की जरूरत है। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि गरीबों के मसीहा लालू प्रसाद यादव और आर्थिक न्याय के संकल्पकर्ता तेजस्वी प्रसाद यादव जननायक कर्पूरी ठाकुर जी के सपनों को साकार करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें कई तरह की परेशानियों और प्रताड़नाओं का सामना करना पड़ रहा है। वक्ताओं का कहना था कि सामाजिक न्याय की आवाज को दबाने के लिए उन्हें जानबूझकर विभिन्न मामलों में उलझाया जा रहा है। वक्ताओं ने सवाल उठाया कि जो लोग कर्पूरी ठाकुर जी के विचारों को जिंदा रखने का काम कर रहे हैं,उन्हें ही सजा क्यों दी जा रही है। क्या समाज यह नहीं समझ पा रहा है कि जननायक कर्पूरी ठाकुर जी के सच्चे सेवक कौन हैं?इतने वर्षों की प्रताड़ना के बावजूद भी जो अपने रास्ते से नहीं भटके और आज भी गरीबों,पिछड़ों और वंचितों के अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं,वही जननायक के सच्चे अनुयायी हैं। सभा में यह भी कहा गया कि जब भी कर्पूरी ठाकुर जी के सपनों को पूरा करने की बात होती है,तो लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी प्रसाद यादव का नाम सम्मान और श्रद्धा के साथ लिया जाता है। जब तक ये दोनों नेता सामाजिक न्याय की राजनीति में सक्रिय हैं,तब तक जननायक कर्पूरी ठाकुर जी के विचारों को कोई मिटा नहीं सकता। इस अवसर पर महिला प्रकोष्ठ की यासमीन खातून,वरिष्ठ नेता गुलाम हुसैन चीना,कलामुद्दीन राही,बासीद अहमद,माझी पासवान,नीलांबर यादव,रवि राम,उदय शंकर चौधरी,सुभाष पासवान,अमित कुमार,शंकर यादव,उमेश साहनी,विपिन कुमार,सुभाष महतो,लाल बाबू साह,रेशमा आरा सहित दर्जनों राजद कार्यकर्ता और समर्थक उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एकजुट होकर यह संकल्प लिया कि जननायक कर्पूरी ठाकुर जी के विचारों को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा और सामाजिक न्याय की लड़ाई को पूरी मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जाएगा।