5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी-रोजगार देने का लक्ष्य: बिहार में तीन नए विभागों के गठन का ऐलान
5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी-रोजगार देने का लक्ष्य: बिहार में तीन नए विभागों के गठन का ऐलान
5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी-रोजगार देने का लक्ष्य: बिहार में तीन नए विभागों के गठन का ऐलान
दस्तक 7मीडिया /संजय कुमार राय
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि राज्य सरकार ने वर्ष 2025 से 2030 तक के लिए एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसके तहत 1 करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। इसे सफल बनाने के लिए राज्य में कौशल विकास, उच्च शिक्षा और तकनीकी शिक्षा को नए आयाम देने पर जोर दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि युवाओं को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण और रोजगारपरक शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए राज्य में तीन नए विभागों जैसे
1. युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग
2. उच्च शिक्षा विभाग
3. नागर विमानन विभाग
सृजित करने का निर्णय लिया गया है।
इन विभागों के गठन से राज्य में रोजगार सृजन की प्रक्रिया और तेज होगी तथा युवाओं को अधिक अवसर मिलेंगे।
युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग के माध्यम से अगले 5 वर्षों में बड़ी संख्या में युवाओं को उद्यमिता की दिशा में प्रोत्साहित करने और विभिन्न योजनाओं के जरिए रोजगार उपलब्ध कराने की योजना तैयार की गई है।
उच्च शिक्षा विभाग का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार, तकनीकी एवं व्यवसायिक शिक्षा में सुधार लाना है, जिससे सभी वर्गों के युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा मिल सके।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में कई नए हवाई अड्डों का निर्माण हो रहा है और उड़ान योजना के तहत कई और एयरपोर्ट प्रस्तावित हैं। ऐसे में नागर विमानन विभाग के गठन से इन परियोजनाओं को गति मिलेगी, औद्योगिक माहौल बेहतर होगा और बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन होगा। साथ ही बिहार में तैयार उत्पादों के निर्यात को भी बढ़ावा मिलेगा।
सरकार ने इसके अलावा दो अन्य महत्वपूर्ण संस्थाओं के गठन का भी निर्णय लिया है—
• सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम निदेशालय
• बिहार विपणन प्रोत्साहन निगम (Bihar Marketing Promotion Corporation)
एमएसएमई निदेशालय के जरिए हर जिले में मेगा स्किल सेंटर स्थापित किए जाएंगे, ताकि युवाओं को उद्योग आधारित कौशल में प्रशिक्षित कर अधिक से अधिक रोजगार उपलब्ध कराया जा सके।
वहीं बिहार विपणन प्रोत्साहन निगम के माध्यम से कृषि, पशुपालन, बागवानी, खाद्य प्रसंस्करण, हस्तशिल्प, लघु एवं कुटीर उद्योग जैसे क्षेत्रों के उत्पादों की गुणवत्ता, उपलब्धता और वितरण व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इससे बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर काम कर रही है और अधिक से अधिक सरकारी नौकरी तथा रोजगार उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। सरकार का संकल्प है कि बिहार का युवा दक्ष, आत्मनिर्भर और सुरक्षित भविष्य वाला हो।