दिल्ली में पुलिस एनकाउंटर: बिहार के कुख्यात रंजन पाठक समेत चार बदमाश ढेर, एके-47 और पिस्तौल बरामद,

रोहिणी इलाके में बिहार STF, दिल्ली पुलिस और सीतामढ़ी पुलिस की संयुक्त कार्रवाई; रंजन पाठक पर था ₹50 हजार का इनाम, गिरोह का था नेपाल सीमा तक नेटवर्क

दस्तक 7मीडिया /दिल्ली से प्रवीण झा

दिल्ली के रोहिणी इलाके में गुरुवार सुबह पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में बिहार के कुख्यात अपराधी रंजन पाठक समेत चार अपराधी मारे गए। बिहार STF, दिल्ली पुलिस और सीतामढ़ी पुलिस की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की। मारे गए बदमाशों में रंजन पाठक के अलावा बिमलेश महतो, मनीष पाठक और अमन शेखर शामिल हैं।

गुप्त सूचना के आधार पर गुरुवार तड़के पुलिस टीम ने रोहिणी इलाके में घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही अपराधियों ने फायरिंग शुरू कर दी। करीब 10 राउंड गोलीबारी के बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें चारों अपराधी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गए। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

मुठभेड़ स्थल से पुलिस ने एक AK-47 राइफल, कई आधुनिक हथियार, देसी पिस्टल और भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए हैं। जांच में खुलासा हुआ है कि यह गिरोह बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में सक्रिय था। इनके तार नेपाल सीमा तक फैले हुए थे।

सीतामढ़ी निवासी रंजन पाठक पर 50 हजार, बिमलेश महतो और मनीष पाठक पर 25-25 हजार का इनाम घोषित था। अमन शेखर पर भी कई राज्यों में आपराधिक मामले दर्ज थे। यह गिरोह रंगदारी, फिरौती और तस्करी की वारदातों में शामिल रहा है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, रंजन पाठक सिग्मा  एंड कंपनी’ गिरोह का सरगना था, जो बिहार में कई चर्चित हत्याओं और फिरौती के मामलों में वांछित था।

पुलिस सूत्रों का कहना हे कि

“चारों अपराधी बेहद खतरनाक थे। मुठभेड़ के दौरान इन्होंने पुलिस टीम पर अंधाधुंध फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में ये ढेर हो गए। इनके नेटवर्क की पूरी जांच की जा रही है।”