भाजपा उम्मीदवार रोहित पांडे ने शुक्रवार को भागलपुर विधानसभा सीट से अपना नामांकन दाखिल किया। नामांकन से पहले गौशाला परिसर से भव्य रैली निकाली गई।

 

जिसमें डेढ़ हजार से अधिक कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए। रैली के दौरान शहर के कई प्रमुख मार्गों पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने नुक्कड़ नाटक और जनसंपर्क कार्यक्रमों का आयोजन किया, जिनमें पार्टी के विकास काम और केंद्र सरकार की योजनाओं को प्रदर्शित किया गया। रैली में भगवा झंडे, बैंड-बाजे और ढोल-नगाड़ों के साथ कार्यकर्ता ‘फिर एक बार मोदी सरकार’ और ‘भागलपुर मांगे रोहित पांडे’ के नारे लगा रहे थे। गौशाला से शुरू होकर यह रैली स्टेशन चौक, खलीफाबाग, और तिलकामांझी होते हुए समाहरणालय परिसर पहुंची, जहां नामांकन दाखिल किया गया। गौशाला परिसर से निकली भव्य रैली।

 

गौशाला परिसर से निकली भव्य रैली। भागलपुर की जनता भाजपा के साथ नामांकन के बाद मीडिया से बात करते हुए रोहित पांडे ने कहा, “भागलपुर की जनता भाजपा के साथ है। यह चुनाव जाति नहीं, विकास और सुशासन पर होगा।’’ उन्होंने दावा किया कि इस बार भाजपा भारी मतों से जीत दर्ज करेगी। भागलपुर परिवार के उम्मीद पर हम खड़ा उतरेंगे जातीय समीकरण में बढ़त की कोशिश विधानसभा सीट पर ब्राह्मण, वैश्य, यादव और मुस्लिम मतदाता निर्णायक भूमिका निभाते हैं। 2015 और 2020 के चुनावों में यहां मुकाबला भाजपा और महागठबंधन के उम्मीदवारों के बीच कांटे का रहा है।

 

इस बार भाजपा ने ब्राह्मण चेहरे रोहित पांडे पर दांव लगाया है, जो शहर के ऊपरी तबकों में अच्छी पकड़ रखते हैं। महागठबंधन ने पिछड़ी जातियों पर फोकस बढ़ा दिया है। रैली में भाजपा जिलाध्यक्ष, महिला मोर्चा और युवा मोर्चा के सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद थे। कार्यक्रम के अंत में कार्यकर्ताओं ने ‘जय श्रीराम’ के नारे लगाते हुए विजय संकल्प लिया।