स्वच्छ भारत अभियान को मिला नया आयाम, दरभंगा के बिरौल जे के कॉलेज में ‘स्वच्छोत्सव’ की गूंज

दस्तक7मिडिया, बिरौल, दरभंगा।

‘स्वच्छ परिवेश, बेहतर देश’ के ध्येय वाक्य को चरितार्थ करते हुए, जनता कोशी महाविद्यालय, बिरौल, दरभंगा ने ‘स्वच्छता ही सेवा अभियान पखवाड़ा’ के तहत एक भव्य और प्रेरणादायक सफाई अभियान का सफल आयोजन किया। प्रधानाचार्य की अध्यक्षता में हुए इस कार्यक्रम का प्रमुख केंद्र बिंदु इस वर्ष का राष्ट्रव्यापी विषय ‘स्वच्छोत्सव’ रहा, जिसने पूरे महाविद्यालय परिवार को ऊर्जा और संकल्प से भर दिया। राष्ट्रव्यापी आह्वान ‘एक दिन, एक घंटा, एक साथ’ के अनुरूप, महाविद्यालय परिवार ने श्रमदान की महत्ता को रेखांकित करते हुए परिसर को पूर्णतः स्वच्छ बनाने का सामूहिक संकल्प लिया। कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ.शम्भू पासवान के कुशल नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया, जिसने स्वच्छता को केवल एक कार्यक्रम न बनाकर एक जीवनशैली में ढालने का संदेश दिया। इस पुनीत कार्य में महाविद्यालय के प्राध्यापकों और राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के उत्साही स्वयंसेवकों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। प्राध्यापक- डॉ. भवेश कुमार, डॉ. राजकुमार, डॉ. राम शेख पंडित के साथ-साथ एनएसएस के छात्रों—नितिश, सचिन, कली, राखी, सपना, गुंजा, नेहा, कंचन, तुलसी, नितु, चांदनी, कोमल, महजबी, प्रवीण, सरस्वती, आयुष, विष्णुप्रिया आदि विद्यार्थियों ने परिसर के हर कोने को चमकाने में अपना योगदान दिया। सफाई अभियान के दौरान गुटखा, पन्नी, पॉलीथिन और अन्य अपशिष्ट पदार्थों से होने वाले प्रदूषण के गंभीर दुष्प्रभावों को गहराई से उजागर किया गया। यह स्पष्ट किया गया कि प्लास्टिक और गुटखा जनित कचरा न केवल पर्यावरण को विषाक्त करता है, बल्कि,मिट्टी की उर्वरता को घटाता है।जल-निकासी को अवरुद्ध करके जल-जमाव की समस्या पैदा करता है। पशुओं और मानव स्वास्थ्य को गंभीर बीमारियों के जाल में फंसाता है।


इस अवसर पर सभी उपस्थित जनों ने यह दृढ़ संकल्प लिया कि स्वच्छता को एक क्षणिक गतिविधि नहीं, बल्कि जीवन का एक अभिन्न अंग बनाया जाएगा। परिसर की सफाई करते हुए यह शक्तिशाली संदेश दिया गया कि स्वच्छ परिवेश ही स्वस्थ समाज और एक सशक्त राष्ट्र की आधारशिला है। यह अभियान केवल कूड़ा हटाने तक सीमित नहीं था, बल्कि देश को सशक्त बनाने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम था।