102 एंबुलेंस कर्मचारी संघ के बैनर तले सभी कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। संघ के अध्यक्ष अमर सिंह ने कर्मचारियों की मांगों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि सरकार एंबुलेंस कर्मियों की मांगों की लगातार अनदेखी कर रही है। कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में ड्राइवर और EMT कर्मियों को प्रति 8 घंटे की ड्यूटी के लिए 21,000 रुपए न्यूनतम वेतन शामिल है। हड़ताल पर बैठे 102 एंबुलेंस कर्मचारी।

 

हड़ताल पर बैठे 102 एंबुलेंस कर्मचारी। सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग कर्मचारियों की अन्य मांगों में अतिरिक्त कार्य का अलग भुगतान और ठेकेदारी प्रथा की समाप्ति शामिल है। वे चाहते हैं कि उन्हें सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। साथ ही दुर्घटना बीमा के तहत 20 लाख रुपये का मुआवजा मिले।

 

नियुक्ति पत्र और सैलरी स्लिप की मांग कर्मचारियों ने नियुक्ति पत्र और सैलरी स्लिप की मांग की है। उन्होंने हटाए गए कर्मियों की बहाली और नवंबर 2024 का बकाया वेतन भी मांगा है। एंबुलेंस का समुचित रखरखाव और समय पर वेतन भुगतान भी उनकी मांगों में शामिल है। मांगें माने जाने तक हड़ताल जारी रहेगी हड़ताल में सचिन, अब्दुल मतीन और कोषाध्यक्ष मणिकांत झा सहित बड़ी संख्या में एंबुलेंस कर्मी शामिल हुए। कर्मचारियों का कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक कदम नहीं उठाती, तब तक हड़ताल जारी रहेगी।