रोहतास जिले के कैमूर पहाड़ी क्षेत्र में स्थित प्राथमिक विद्यालय कछुवर और मध्य विद्यालय चाकडीह में शिक्षक नदारद मिले। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी कन्हैया कुमार ने सोमवार को जांच में पाया कि दोनों विद्यालय बंद थे। न तो शिक्षक मौजूद थे और न ही छात्र।

ग्रामीणों का आरोप है कि शिक्षक केवल साल में दो बार झंडातोलन के लिए आते हैं। स्थानीय युवकों को कुछ पैसे देकर विद्यालय की साफ-सफाई और पढ़ाई करवाते हैं। शिक्षक विभागीय सहयोग से फर्जी उपस्थिति दर्ज कर वेतन प्राप्त करते हैं।

दो माह पूर्व एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें एक स्थानीय युवक संतोष कुमार को शिक्षकों से 2500 रुपये प्रतिमाह लेकर बच्चों को पढ़ाते हुए दिखाया गया था। वीडियो के बाद शिक्षा विभाग ने रोहतास बीईओ को नोटिस जारी किया था, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

रोहतासगढ़ के मुखिया नागेंद्र यादव ने बताया कि शिक्षकों की अनुपस्थिति की शिकायत कई बार वरिष्ठ अधिकारियों से की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों ने जिला शिक्षा अधिकारी से मांग की है कि अगर शिक्षक नहीं आते हैं तो विद्यालय को बंद कर दिया जाए। वनवासी क्षेत्र के बच्चों का भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है।