सीतामढ़ी के महर्षि वाल्मीकि गंगा घाट पर गंगा का जलस्तर लगातार गिर रहा है। इससे श्रद्धालुओं को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जलस्तर कम होने से घाट के आसपास कीचड़ फैल गया है। इससे आवाजाही में दिक्कत हो रही है और आसपास बदबू भी फैल रही है।

यह घाट भदोही, जौनपुर और मिर्जापुर तीन जिलों को जोड़ता है। धार्मिक दृष्टिकोण से यह अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है। प्रतिदिन सैकड़ों श्रद्धालु यहां स्नान और पूजा-अर्चना के लिए पहुंचते हैं। विशेषकर सुबह के समय श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए आते हैं। तब कीचड़ और दुर्गंध के कारण उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि जलस्तर के लगातार घटने से घाट की सफाई नहीं हो पा रही है। कीचड़ में फिसलने से लोगों के गिरने की घटनाएं भी सामने आई हैं। गंदगी और बदबू के कारण घाट पर पूजा-पाठ का माहौल भी प्रभावित हो रहा है।

श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से घाट की सफाई कराने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते घाट की सफाई नहीं की गई तो सावन और अन्य धार्मिक अवसरों पर श्रद्धालुओं की संख्या प्रभावित हो सकती है।

प्रशासन को जलस्तर की निगरानी के साथ-साथ घाटों की नियमित सफाई सुनिश्चित करनी चाहिए। इससे धार्मिक आस्था का यह केंद्र स्वच्छ और श्रद्धालुओं के लिए सुगम बना रहेगा। इस समस्या के समाधान के लिए ग्राम पंचायत और नगर निकाय के बीच समन्वय की भी जरूरत है।