मिथिला क्षेत्र के सभी पुलिसकर्मी देंगे शहीद पुलिस परिवार के खाते में दो दिन का वेतन ,आईजी ने तीनों जिला के एसपी को लिखा पत्र। आईजी के मानवता को देख खिल उठे पुलिसकर्मी लेकिन कहा यह तूगलगी फरमान।
मिथिला क्षेत्र के सभी पुलिसकर्मी देंगे शहीद पुलिस परिवार के खाते में दो दिन का वेतन ,आईजी ने तीनों जिला के एसपी को लिखा पत्र। आईजी के मानवता को देख खिल उठे पुलिसकर्मी लेकिन कहा यह तूगलगी फरमान।
अपराध ब्यूरो ,दरभंगा /संजय कुमार राय
मोहनपुर ओपी अध्यक्ष को अपराधियों द्वारा गोली मारकर की गई हत्या के मामले में मिथिला क्षेत्र के आईजी ने क्षेत्र के सभी पुलिसकर्मी /पदाधिकारियों को वेतन के समतुल्य दो दिन के वेतन देने का निर्देश दिया हैं। इस बाबत उन्होंने दरभंगा के एसएसपी एवं समस्तीपुर /मधुबनी एसपी को पत्र के माध्यम से सूचित किया हैं। उन्होंने दिये पत्र में कहा हैं कि पशु तस्कर अपराधियों ने 14अगस्त को समस्तीपुर जिला के मोहनपुर ओपी अध्यक्ष को गोली मारकर जख्मी कर दिया था इस दौरान 15अगस्त को इलाज के दौरान उनकी मौत अस्पताल में हो गई। उन्होंने यह भी पत्र में कहा कि 15अगस्त का दिन ऐतिहासिक दिन हैं जिस दिन जांबाज एवं कर्तव्यनिष्ठ ओपी प्रभारी पुअनि नन्द किशोर यादव शहीद हो गये। मिथिला क्षेत्र के आई जी ललन मोहन प्रसाद ने शहीद पुलिस परिवार के आश्रितों को आर्थिक सहायता प्रदान करने के लिये निमित अधोहस्ताक्षरी एवं अधोहस्ताक्षरी के कार्यालय में पदस्थापित पुलिस पदाधिकारियों /कर्मियों के दो दिनों के वेतन के समतुल्य राशि की कटौती कर शहीद पुलिस पदाधिकारी की पत्नी अमृता यादव के एसबीआई शाखा में भुगतान करने का आदेश दिया हैं।
आई जी श्री ललन मोहन प्रसाद ने दरभंगा के एसएसपी /मधुबनी और समस्तीपुर के एसपी को स्पष्ट रूप से निर्देश दिया हैं कि शहीद पुअनि के परिवार को वेतन के समतुल्य दो दिन के वेतन का कटौती कर उनके परिवार अमृता यादव के खाता में भुगतान करने का अग्रतर कारवाई सुनिश्चित करेंगे इसके लिये लेखापाल /स्थापना प्रभारी एवं पुअनि कार्यालय को भी सूचित किया गया हैं।
आईजी श्री प्रसाद के द्वारा उठाया गया यह कदम सराहनीय हैं और मानवता को भी दर्शाता हैं।
वहीं दूसरी और आईजी के इस आदेश को कई पुलिसकर्मी तुगलगी फरमान बता रहें हैं। पुलिसकर्मी बता रहें कि राज्य में जब कोई बड़ी आपदा आती हैं तो राज्य सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा राज्य के कर्मियों से अनुरोध किया जाता हैं कि सभी सरकारी सेवक वेतन के अनुरूप एक दो दिन का वेतन आपके द्वारा दिया जाना हैं और सरकारी सेवक यह राशि देते भी हैं।
कई पुलिस के नेतागण कह रहें हैं कि इस आशय को लेकर एक बैठक बुलानी चाहिये जिसमें तीनो जिला के एसपी समेत पुलिस मेंस के पदाधिकारी और पुलिस एसोसियेशन के पदाधिकारी बैठक में उपस्थित रहते। बैठक के दौरान यह निर्णय लिया जाता कि एक दिन ,दो दिन या तीन का वेतन शहीद के परिवार को देना हैं। बैठक में जो निर्णय होता उसके अनुरूप तीनों जिला के पुलिस पदाधिकारी /पुलिस कर्मी सहयोग के रूप में सभी पुलिसकर्मी से राशि प्रेम पूर्वक इकट्ठा कर शहीद के परिवार के खाते में जमा कर देते।और यह नियमाकुल होता।
इन लोंगों ने भी आईजी के इस कदम की सराहना की हैं लेकिन फरमान तुगलगी बताया हैं।
उन्होंने कहा कि इस मामले में आईजी साहब को आदेश निर्देश नहीं अनुरोध करना चाहिये था और नियमाकुल करना चाहिये था।
हालांकि इस घटना से राज्य के तमाम पुलिस कर्मी आहत हैं। सभी पुलिस कर्मी कहते हैं कि अपराधियों ने जिस कायरता से पुअनि को गोली मारी यह दुःखद हैं।