उत्तर भारत में लगातार हो रही बारिश के कारण गंगा का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। सीतामढ़ी स्थित महर्षि वाल्मीकि गंगा घाट की अंतिम सीढ़ियों तक पानी पहुंच गया है। केंद्रीय जल आयोग की रिपोर्ट के अनुसार, गंगा का जलस्तर प्रति घंटे 2 सेंटीमीटर की दर से बढ़कर 73.560 मीटर तक पहुंच चुका है।
स्थिति को देखते हुए तटीय गांवों के मछुआरों ने अपनी नावें घाट पर सुरक्षित बांध दी हैं। प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है। नगर पंचायत कर्मी और राजस्व विभाग की टीमें अलर्ट मोड पर हैं। प्रशासन लगातार गश्त कर रहा है और जलस्तर की निगरानी कर रहा है। इस बीच सीता समाहित स्थल पर दूर-दराज से श्रद्धालु और सैलानी पहुंच रहे हैं।
लोग वाल्मीकि घाट की सीढ़ियों पर बैठकर गंगा की लहरों का नजारा ले रहे हैं। घाट पर बड़ी संख्या में लोग फोटो और सेल्फी ले रहे हैं। गंगा आरती का आनंद भी उठा रहे हैं।
घाट के आसपास की दुकानों पर भी भीड़ बढ़ी है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घाट पर अधिक भीड़ न लगाएं। बच्चों को जलधारा से दूर रखें। अगर जलस्तर इसी रफ्तार से बढ़ता रहा तो निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है।
