पांच साल से फरार शराब कारोबारी नाटकीय ढंग से गिरफ्तार,लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था और पुलिस को चकमा दे रहा था अभियुक्त।
पांच साल से फरार शराब कारोबारी नाटकीय ढंग से गिरफ्तार,लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था और पुलिस को चकमा दे रहा था अभियुक्त।
पांच साल से फरार शराब कारोबारी नाटकीय ढंग से गिरफ्तार,लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था और पुलिस को चकमा दे रहा था अभियुक्त।
दस्तक7मिडिया, उत्तम सेनगुप्ता, दरभंगा।
बिरौल थाना पुलिस ने पांच साल से फरार चल रहे एक शराब कारोबारी को नाटकीय ढंग से गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। यह गिरफ्तारी सिंघिया थाना (समस्तीपुर) पुलिस के सहयोग से पिपरा गांव में की गई। यह मामला पांच साल पहले यानी 05 मार्च 2020 की है ,जब बिरौल थाना क्षेत्र के कमला बाड़ी भट्ठा के निकट सड़क किनारे एक प्लास्टिक के बोरे से पुलिस गश्ती दल ने भारी मात्रा में विदेशी शराब बरामद की थी। इस बरामदगी के बाद पुलिस ने जब जांच शुरू की तो पूछताछ में पता चला कि यह शराब समस्तीपुर जिले के सिंघिया थाना क्षेत्र के पिपरा गांव निवासी शिवजी साह नामक शराब कारोबारी की है। इसके बाद बिरौल थाने में शिवजी साह के विरुद्ध एफआईआर संख्या 69/2020 दर्ज की गई थी। एफआईआर दर्ज होने के बाद से ही शिवजी साह फरार चल रहा था और पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हुई थी। वर्तमान में इस मामले के अनुसंधानक (आईओ) केशरी नंदन को इस फरार अभियुक्त को पकड़ने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। जो एस आई केशरी नंदन के लिए शिवजी साह को गिरफ्तार करना एक चुनौतीपूर्ण कार्य था क्योंकि वह लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था और पुलिस को चकमा दे रहा था। हालांकि, केशरी नंदन ने हार नहीं मानी और लगातार सूचनाएं जुटाते रहे। आखिरकार उन्हें गुप्त सूचना मिली कि शिवजी साह अपने गांव पिपरा में ही छिपा हुआ है। इस सूचना के आधार पर केशरी नंदन ने सिंघिया थाना पुलिस से संपर्क किया और उनके सहयोग से पिपरा गांव में घेराबंदी की गई। पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी की और नाटकीय ढंग से अभियुक्त शिवजी साह को धर दबोचा। पांच साल से फरार चल रहे शराब कारोबारी की गिरफ्तारी से पुलिस ने राहत की सांस ली है।इस सफलता पर बिरौल थानाध्यक्ष विशाल कुमार सिंह ने आईओ केशरी नंदन और सिंघिया थाना पुलिस की टीम को बधाई दी है।
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