मुखी देवी बिरौल प्रखंड प्रमुख पद पर निर्विरोध हुए निर्वाचित, निवर्तमान प्रमुख रुकसाना परवीन ने किया चुनाव का वहिष्कार, चार पंचायत समिति सदस्य रहे अनुपस्थित।

उत्तम सेनगुप्ता, दरभंगा

अनुमंडल कार्यालय में मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच बिरौल प्रखंड प्रमुख के हुए चुनाव में मुखी देवी निर्विरोध निर्वाचित हुए। इसके साथ ही प्रखंड में पिछले माह 25 जनवरी 2024 से प्रमुख पर अविश्वास प्रस्ताव और फिर इसके चुनाव को लेकर चल रहे स्थानीय राजनीतिक सरगर्मी का पटाक्षेप हो गया।

अनुमंडल कार्यालय कक्ष में निर्वाचन पदाधिकारी सह अनुमंडल पदाधिकारी उमेश कुमार भारती एवं पर्यवेक्षक सह एडीएम कुमार प्रशांत की उपस्थिति में प्रमुख पद के लिए निवर्तमान प्रमुख रुकसाना परवीन और पोखराम दक्षिणी पंचायत के पंचायत समिति सदस्य मुखी देवी के बीच चुनाव होना था,लेकिन चुनाव आयोग की ओर से निर्धारित समय सीमा तक निवर्तमान प्रमुख रुकसाना परवीन चुनाव के लिए कार्यालय में उपस्थित नहीं हुए। तत्पश्चात एसडीओ उमेश कुमार भारती ने मुखी देवी को निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिये।

 

इस प्रकार मुखी देवी बिरौल प्रखंड प्रमुख ख के पद पर काबिज हो गए। निर्वाचन पदाधिकारी सह एसडीओ ने नव निर्वाचित प्रखंड प्रमुख को प्रमाण पत्र देने के बाद उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। मालूम हो कि 35 में 31 पंचायत समिति सदस्य मुखी देवी के समर्थन में थे। इस तरह बिरौल प्रखंड प्रमुख मुखी देवी एवं उपप्रमुख अर्पणा कुमारी एनडीए समर्थित हैं। इनके जीत से एनडीए गठबंधन के खेमा में खुशी का माहौल देखा गया। इधर प्रमाण पत्र लेकर कार्यालय से बाहर निकलने के बाद प्रमुख मुखी देवी एवं उपप्रमुख अर्पणा कुमारी ने पत्रकारों को बताया कि निवर्तमान प्रमुख परिवार के सदस्यों एवं कुछेक लोगों के साथ मिल कर मनमाने तरीके से सरकारी राशि का दुरुपयोग किया है। सदस्यों के बातों को अनदेखी करते रहे।

यही कारण है कि 31 पंचायत समिति सदस्यों ने निवर्तमान प्रमुख के विरुद्ध मोर्चा खोल दिया। एसडीओ उमेश कुमार भारती ने बताया कि निर्धारित समय बीत जाने के बाद पंचायत समिति सदस्य मुखी देवी को प्रमुख पद पर निर्विरोध निर्वाचित घोषित कर दिया गया। उसके बाद उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई गई।