सदर अस्पताल गंगवाड़ा में भर्ती से इमरजेंसी और 24 घंटे प्रसव तक की सुविधा, अगले सप्ताह से ऑपरेशन की सुविधा शुरू करने का निर्देश, डीएम बोले- डीएमसीएच पर घटेगा दबाव
सदर अस्पताल गंगवाड़ा में भर्ती से इमरजेंसी और 24 घंटे प्रसव तक की सुविधा, अगले सप्ताह से ऑपरेशन की सुविधा शुरू करने का निर्देश, डीएम बोले- डीएमसीएच पर घटेगा दबाव
सदर अस्पताल गंगवाड़ा में भर्ती से इमरजेंसी और 24 घंटे प्रसव तक की सुविधा,
अगले सप्ताह से ऑपरेशन की सुविधा शुरू करने का निर्देश, डीएम बोले- डीएमसीएच पर घटेगा दबाव
दस्तक 7मीडिया /दरभंगा
सदर अस्पताल गंगवाड़ा में स्वास्थ्य सेवाओं का दायरा बढ़ाते हुए बुधवार को दूसरे चरण की सेवाओं की शुरुआत कर दी गई। अब यहां ओपीडी के साथ मरीजों को भर्ती, इमरजेंसी, आईसीयू, 24 घंटे प्रसव, सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स, डेंटल और दवा समेत अन्य चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी। जिलाधिकारी कौशल कुमार ने अस्पताल का निरीक्षण करने के बाद अगले सप्ताह तक ऑपरेशन की सुविधा शुरू कराने का निर्देश सिविल सर्जन को दिया।
डीएम ने सहायक समाहर्ता कल्पना रावत और सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार के साथ फीता काटकर दूसरे चरण की सेवाओं का शुभारंभ किया। इसके बाद उन्होंने अस्पताल के विभिन्न वार्डों और चिकित्सा कक्षों का निरीक्षण किया। अस्पताल में उपलब्ध अत्याधुनिक उपकरणों और मशीनों की जानकारी चिकित्सकों से ली तथा सभी उपकरणों का मरीजों के उपचार में प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
डीएम ने बताया कि 29 सितंबर को अस्पताल में ओपीडी सेवा शुरू की गई थी। इसके बाद प्रतिदिन करीब 150 से 200 मरीज इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। अब दूसरे चरण की सेवाएं शुरू होने से आसपास के लोगों को इलाज के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि अस्पताल में आवश्यक सुविधाएं विकसित होने से डीएमसीएच पर मरीजों का दबाव कम करने में भी मदद मिलेगी।
हाईवे के पास होने से इमरजेंसी में अहम भूमिका
कौशल कुमार ने कहा कि सदर अस्पताल गंगवाड़ा हाईवे के समीप स्थित है। ऐसे में सड़क दुर्घटना अथवा अन्य आपातकालीन स्थिति में आसपास के लोगों को त्वरित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने में अस्पताल की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। जिला प्रशासन का लक्ष्य लोगों को उनके नजदीक बेहतर, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराना है।
प्रभारी उपाधीक्षक सह स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. सुप्रिया नारायण ने बताया कि दूसरे चरण में छह महत्वपूर्ण विभागों एवं सेवाओं का संचालन शुरू किया गया है। इमरजेंसी सेवा के साथ प्रसव कक्ष भी चालू किया गया है। अब गर्भवती महिलाओं को 24 घंटे प्रसव संबंधी चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी। अस्पताल में सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स, डेंटल और दवा सेवा समेत अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं।
डीएम ने अस्पताल में उपलब्ध मशीनों और उपकरणों की स्थिति की भी जानकारी ली। प्रभारी उपाधीक्षक ने बताया कि प्रमुख चिकित्सा उपकरण क्रियाशील हैं और मरीजों के उपचार में उनका उपयोग किया जा रहा है। चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की टीम को बेहतर सेवा उपलब्ध कराने के लिए लगाया गया है।
अस्पताल में दूसरे चरण की सेवाओं के शुरू होने के बाद आसपास के लोगों को एक ही परिसर में भर्ती, आपातकालीन उपचार, प्रसव और विभिन्न विशेषज्ञ सेवाओं का लाभ मिल सकेगा। अगले सप्ताह ऑपरेशन सुविधा शुरू होने के बाद अस्पताल की चिकित्सा सेवाओं का दायरा और बढ़ जाएगा।
मौके पर डीपीएम स्वास्थ्य प्रभात कुमार राजू, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी आशीष अमन, डीसीएम रवि कुमार समेत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद थे।