सड़क बनी तालाब,जलजमाव से आधा दर्जन गांवों का संपर्क मार्ग, निर्माण की लापरवाही पड़ रही ग्रामीणों पर भारी

दस्तक 7 मिडिया, बिरौल, दरभंगा।

अनुमंडल के गौड़ा बौराम प्रखंड अंतर्गत दक्षिणी कसरौड़ गांव में जलजमाव की विकराल स्थिति ने स्थानीय ग्रामीणों का जीना मुहाल कर दिया है। मुख्य सड़क पर घुटनों तक भरे पानी के कारण यह मार्ग अब एक बड़े हादसे को न्योता दे रहा है।
यह केवल एक गांव की समस्या नहीं है—यह सड़क दक्षिणी कसरौड़ को रोहाड़, नारी, कुमैय और महमूदा सहित कई प्रमुख गांवों से जोड़ने वाली मुख्य जीवनरेखा है। सड़क पर लबालब पानी भर जाने के कारण इन सभी गांवों का आपसी संपर्क पूरी तरह प्रभावित हो चुका है।
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, इस दुर्दशा की मुख्य वजह सड़क निर्माण के दौरान बरती गई गंभीर लापरवाही है। निर्माण के समय सड़क का स्तर आसपास के धरातल से पर्याप्त ऊंचा नहीं रखा गया।
पानी के बहाव के लिए नाले या जल निकासी का कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किया गया।
परिणामस्वरूप, हल्की सी बारिश होते ही सड़क जलमग्न हो जाती है। स्कूल जाने वाले छोटे बच्चों, बुजुर्गों और आपातकालीन स्थिति में मरीजों को अस्पताल ले जाने वाले वाहनों के लिए इस रास्ते का इस्तेमाल करना बेहद जोखिमभरा हो गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या की जानकारी होने के बावजूद अब तक न तो संबंधित विभाग के अधिकारियों ने और न ही जनप्रतिनिधियों ने इस ओर कोई ठोस कदम उठाया है। “देखने वाला कोई नहीं” के रवैये से स्थानीय लोगों में गहरा असंतोष व्याप्त है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि जल्द से जल्द पंप सेट के जरिए सड़क से पानी की निकासी कराई जाए और सड़क की ऊंचाई बढ़ाते हुए स्थाई नाला निर्माण की योजना को मंजूरी दी जाए, ताकि लोगों को इस नारकीय स्थिति से मुक्ति मिल सके।