खाकी पर दाग: शादीशुदा सिपाही और महिला सिपाही रंगे हाथ पकड़े गए, प्रेम प्रसंग ने मचाया हड़कंप ,दो परिवार बर्बादी की कगार पर, विभागीय कार्रवाई की तलवार लटकी
खाकी पर दाग: शादीशुदा सिपाही और महिला सिपाही रंगे हाथ पकड़े गए, प्रेम प्रसंग ने मचाया हड़कंप ,दो परिवार बर्बादी की कगार पर, विभागीय कार्रवाई की तलवार लटकी
खाकी पर दाग: शादीशुदा सिपाही और महिला सिपाही रंगे हाथ पकड़े गए, प्रेम प्रसंग ने मचाया हड़कंप ,दो परिवार बर्बादी की कगार पर, विभागीय कार्रवाई की तलवार लटकी
दस्तक 7मीडिया ,दरभंगा/मधेपुरा से सनसनीखेज मामला
बिहार पुलिस की वर्दी एक बार फिर सवालों के घेरे में है। मधेपुरा जिला बल में तैनात एक शादीशुदा सिपाही, जो दो बच्चों का पिता है, का अवैध प्रेम प्रसंग तब उजागर हुआ जब वह दरभंगा जिला बल की एक शादीशुदा महिला सिपाही के साथ आपत्तिजनक स्थिति में रंगे हाथ पकड़ लिया गया।
बताया जाता है कि यह प्रेम कहानी कोई नई नहीं थी, बल्कि कई महीनों से परवान चढ़ रही थी। दोनों के बीच बढ़ती नजदीकियों ने आखिरकार ऐसा मोड़ लिया, जहां रिश्तों की मर्यादा और वर्दी की गरिमा दोनों तार-तार हो गईं।
पति ने बिछाया जाल, रंगे हाथ धरे गए
महिला सिपाही के पति को जब इस संबंध की भनक लगी, तो उसने चुपचाप सबूत जुटाने के लिए जाल बिछाया। जैसे ही दोनों एक कमरे में मिले, स्थानीय ग्रामीणों और पुलिस की टीम ने एक साथ धावा बोल दिया। दरवाजा खुलते ही जो नजारा सामने आया, उसने सबको चौंका दिया।
दोनों को मौके पर ही हिरासत में लिया गया और घंटों थाने में पूछताछ चली। हालांकि बालिग होने के कारण उन्हें पीआर बॉन्ड पर छोड़ दिया गया।
पहले भी लग चुका है दाग!
पुलिस सूत्रों की मानें तो यह पहला मामला नहीं है। सूत्र बताते हे कि संबंधित पुरुष सिपाही पहले भी इसी तरह के प्रेम प्रसंग के कारण निलंबित हो चुका है और अब तक निलंबन की स्थिति में ही बताया जा रहा है। इसके बावजूद उसकी हरकतों में कोई बदलाव नहीं आया।
विभागीय कार्रवाई तय
मामला अब उच्च अधिकारियों तक पहुंच चुका है। दरभंगा के वरीय पुलिस पदाधिकारियों ने इस पूरे घटनाक्रम को गंभीरता से लिया है और मधेपुरा एसपी को पत्र लिखने की तैयारी में हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार, आने वाले समय में संबंधित सिपाही पर कड़ी कार्रवाई—यहां तक कि बर्खास्तगी—भी हो सकती है।
खाकी की साख पर सवाल
यह घटना सिर्फ एक प्रेम प्रसंग नहीं, बल्कि पुलिस विभाग के अनुशासन और नैतिकता पर बड़ा सवाल है। जिन कंधों पर समाज की सुरक्षा की जिम्मेदारी है, वही अगर निजी जीवन में इस तरह की लापरवाही दिखाएं, तो आम जनता का भरोसा डगमगाना स्वाभाविक है।
दोनों सिपाहियों के इस रिश्ते ने न सिर्फ उनके परिवारों को तोड़ा, बल्कि वर्दी की गरिमा को भी ठेस पहुंचाई है।
थानाध्यक्ष का बयान
थानाध्यक्ष चन्द्र मणि ने बताया कि दोनों से पूछताछ के बाद पीआर बॉन्ड पर छोड़ा गया है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।