दरभंगा शोक में डूबा: मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म व हत्या के विरोध में कैंडल मार्च, दोषियों को फांसी की मांग

दस्तक 7मीडिया /दरभंगा 

दरभंगा में एक मासूम बच्ची के साथ हुए दुष्कर्म और निर्मम हत्या की घटना से पूरा शहर गहरे शोक और आक्रोश में है। इस जघन्य अपराध के विरोध में वरिष्ठ समाजसेवी संतोष सिंह के नेतृत्व में शुक्रवार को राज अस्पताल सर्वे ऑफिस परिसर में कैंडल मार्च निकाला गया। स्थानीय लोगों, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर मौन रखकर दिवंगत बच्ची को श्रद्धांजलि अर्पित की।

मीडिया से बात करते हुए संतोष सिंह ने कहा कि इस अमानवीय घटना ने समाज को झकझोर कर रख दिया है। पीड़ित परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने माननीय न्यायालय से स्पीडी ट्रायल चलाकर फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से अपराधी को फांसी देने की अपील की। उनका कहना था, “आज हर बेटी का पिता डरा हुआ है। जब तक बेटी को न्याय नहीं मिलेगा, चैन से नहीं बैठूंगा।”

समाजसेवी प्रियांशु झा ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि पीड़ित परिवार के साथ पूरा समाज खड़ा है। उन्होंने सरकार और न्यायालय से दोषियों को शीघ्र सजा दिलाने की मांग की और कहा कि यदि अपराधी को सख्त सजा नहीं मिली तो ऐसे अपराधियों का मनोबल बढ़ेगा। “मिथिला माँ जानकी, माँ श्यामा और माँ कंकाली की धरती है—इस पवित्र भूमि को कलंकित किया गया है,” उन्होंने कहा।

वहीं समाजसेवी राजीव प्रकाश मधुकर ने बताया कि छह वर्षीय बच्ची का शव खून से लथपथ हालत में मिला, जिससे जनआक्रोश स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि ऐसे अपराधी को समाज में जीने का कोई अधिकार नहीं है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कठोरतम सजा आवश्यक है।

समाजसेवी दीपक झा ने कहा कि पूरा शहर गम के माहौल में है और हर घर में भय व्याप्त है। उन्होंने न्यायालय से मांग की कि बलात्कार के दोषियों पर शीघ्र सुनवाई कर सख्त सजा दी जाए।

कैंडल मार्च में बबलू, रंजन शर्मा, नितिन झा, सुभाष यादव, मनोज साह, कन्हैया दुबे, कोमल झा सहित सैकड़ों लोग उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में न्याय की मांग करते हुए कहा कि दोषियों को ऐसी सजा मिले जिससे भविष्य में कोई भी इस तरह का अपराध करने से पहले कांप उठे।