भागलपुर के पीरपैंती प्रखंड के श्रीमतपुर हुज़ूरनगर पंचायत के बाढ़ पीड़ितों ने गुरुवार को अंचल कार्यालय पहुंचकर जमकर हंगामा किया।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बाढ़ के दौरान सरकार की ओर से घोषित राहत योजना का फायदा उन्हें अब तक नहीं मिला है। इस दौरान महिलाओं ने जोरदार नारेबाजी की और कार्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। बाढ़ पीड़ित तेतरी देवी, जासो देवी, मीरा देवी, उर्मिला देवी, बिंदिया देवी सहित लगभग 74 ग्रामीण बड़ी संख्या में अंचल कार्यालय पहुंचे थे।
उन्होंने बताया कि कई बार अंचल कार्यालय का चक्कर लगाने के बावजूद उन्हें जीआर राशि और अन्य सुविधाएं नहीं मिलीं। ग्रामीणों का कहना था कि प्रशासन दोहरी नीति अपना रहा है और बाढ़ पीड़ितों को बार-बार भटकाया जा रहा है। आश्वासन पाकर वापस लौटने को मजबूर स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई जब आक्रोशित महिलाओं ने अंचल कार्यालय के गेट को पीटना शुरू कर दिया। महिलाओं ने आरोप लगाया कि उनकी समस्याओं पर न तो कोई सुनवाई हो रही है और न ही कोई कार्रवाई।
वे केवल आश्वासन पाकर वापस लौटने को मजबूर हैं। पंचायत के वार्ड सदस्य मो. काबिल ने भी ग्रामीणों के आरोपों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि अब तक बाढ़ पीड़ितों को किसी प्रकार की सरकारी सहायता नहीं दी गई है। कई बार लाभुकों की सूची और आवेदन अंचल कार्यालय को सौंपे गए, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। CO ऑफिस का घेराव।
CO ऑफिस का घेराव। प्रदर्शन के दौरान अंचलाधिकारी चंद्रशेखर कुमार छुट्टी पर थे, जबकि राजस्व अधिकारी मनोहर कुमार निर्वाचन प्रशिक्षण में गए हुए थे। अधिकारियों की गैरमौजूदगी के कारण ग्रामीणों को बिना किसी समाधान के वापस लौटना पड़ा। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शीघ्र राहत राशि और सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई तो वे उग्र आंदोलन करेंगे। लोगों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि बाढ़ पीड़ितों को तुरंत राहत दी जाए, ताकि उनकी दैनिक परेशानियां कम हो सकें।
