चौकीदार के बेटों की दरिंदगी, पति के सामने पत्नी से दुष्कर्म – गांव में मचा हड़कंप
चौकीदार के बेटों की दरिंदगी, पति के सामने पत्नी से दुष्कर्म – गांव में मचा हड़कंप
चौकीदार के बेटों की दरिंदगी, पति के सामने पत्नी से दुष्कर्म – गांव में मचा हड़कंप
दस्तक 7मीडिया ,बिरौल /दरभंगा
थाना क्षेत्र के एक गांव में चौकीदार जलील नदाफ के दोनों बेटों ने कानून और समाज की सारी हदें पार कर दीं। गांव की 19 वर्षीय शादीशुदा महिला के साथ उसके ही कमरे में घुसकर दरिंदगी की गई। हैरत की बात यह रही कि घटना उस वक्त घटित हुई, जब महिला का पति अचानक घर आ पहुँचा और अपनी आंखों से पत्नी के साथ हो रहा दुष्कर्म देख लिया।
पीड़िता की लिखित शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। एफआईआर में साफ कहा गया है कि चौकीदार के बेटे मो. जमाल नदाफ और मो. सत्तार नदाफ ने रात करीब डेढ़ बजे महिला के कमरे का दरवाज़ा खुला पाकर जबरन घुसपैठ की। गमछे से उसका मुंह दबाकर सत्तार ने बलात्कार किया, जबकि जमाल ने उसे जकड़ कर रखा।
पति की आंखों के सामने हुआ अत्याचार
इसी बीच, पीड़िता का पति जो मुंबई से घर लौटा था, अचानक कमरे में पहुंचा और पत्नी के साथ हो रहा अमानवीय कृत्य अपनी आंखों से देख लिया। पति ने विरोध किया तो आरोपी के पिता – गांव का चौकीदार जलील नदाफ – मौके पर पहुंचकर दोनों बेटों को भगाने में जुट गया। जमाल अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकला, जबकि स्थानीय ग्रामीणों ने सत्तार को दबोच लिया।
चौकीदार की धमकी – “मीडिया गई तो बेटे की लाश मिलेगी”
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि घटना की शिकायत दर्ज कराने वह जब थाने पहुंची तो खुद चौकीदार ने उसे धमकाते हुए कहा – “अगर थाने या मीडिया में गई तो तेरे तीन साल के बेटे को मार डालूंगा।” इस धमकी के चलते महिला खामोश रही, लेकिन अंततः गांव के पंचों ने उसे हिम्मत दी और उसने आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की।
पुलिस की कार्रवाई
थानाध्यक्ष विशाल कुमार सिंह ने पुष्टि की है कि मामला दर्ज कर लिया गया है। घटना का वीडियो भी सामने आया है। इसी आधार पर मुख्य आरोपी मो. सत्तार नदाफ को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है, जबकि मो. जमाल अब भी फरार है।
एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी ने कहा कि इस मामले में जांच चल रही हे अगर जांच में मामला आयेगा तों कोई भी दोषी बच नहीं पाएंगे।
मगर ग्रामीणों का कहना है कि चौकीदार अपने रसूख का इस्तेमाल कर मामले को दबाने की पूरी कोशिश कर रहा है।
इस हैवानियत के बाद पूरे इलाके में सनसनी मची हुई है। ग्रामीणों का गुस्सा साफ झलक रहा है और लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि जब कानून का रखवाला ही आरोपी के साथ खड़ा हो जाए तो पीड़िता को न्याय कैसे मिलेगा।