सीतामढ़ी के नानपुर में बिजली-पानी की समस्या से परेशान ग्रामीणों ने पुपरी-रून्नीसैदपुर सड़क को पांच घंटे जाम किया. पहले पुलिस ने जाम खुलवाने का प्रयास किया. इससे प्रदर्शन कर रहे लोग पीछे नहीं हटे. इसके बाद बिजली विभाग के अधिकारियों को बुलाया गया और जब.

सीतामढ़ी: सरकारों के बड़े-बड़े दावों, वादों और आंकड़ों के बाद भी देश और राज्य के अलग-अलग हिस्सों में लोग तमाम तरह की दिक्कतों का सामना रहे हैं. बिहार के सीतामढ़ी जिले के नानपुर प्रखंड में भी बिजली और पानी की समस्या से जूझ रहे हैं. लंबे समय से दिक्कतों का सामना कर रही जनता का जब सब्र जवाब दे गया तो रविवार को उन्होंने गदर मचा दिया. नानपुर दक्षिणी और उत्तरी पंचायत के ग्रामीणों ने पुपरी–रून्नीसैदपुर मुख्य सड़क को बांस-बल्ला लगाकर करीब पांच घंटे तक जाम कर दिया गया. सुबह से ही लोग गुस्से में ‘बिजली विभाग मुर्दाबाद’ के नारे लगा रहे थे.

प्रदर्शन कर रहे लोगों का कहना है कि बिजली कभी-कभी आती है और जब इससे जुड़ी शिकायत के लिए फोन किया जाता है तो बिजली विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों का फोन ही स्विच ऑफ बताता रहता है. पानी की समस्या भी बिजली की तरह लोगों को रुला रही है. लोगों की पानी की टंकी सूखी है और नल खोलने पर पानी की जगह हवा निकलती है. कहीं कोई सुनवाई न होने से मजबूर लोगों को सड़क पर उतरना पड़ा.

जाम की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष रूपेश कुमार पहुंचे और लोगों को शांत कराने की कोशिश की. ग्रामीणों ने उनसे दो टूक कह दिया कि जब तक बिजली विभाग के अफसर नहीं आएंगे तब तक यह रोड ऐसे ही बंद रहेगी. थानाध्यक्ष ने तुरंत बीडीओ आबिद हुसैन, सीओ सुमित कुमार यादव और बिजली विभाग के कनिष्ठ अभियंता (जेई) गौरव कुमार को फोन पर हाई अलर्ट भेजा. कुछ देर में अधिकारी मौके पर पहुंचे. बीडीओ ने जेई से सीधा सवाल दागा कि करंट कहां गायब है? जेई गौरव कुमार ने सफाई दी कि शनिवार को तकनीकी खराबी से चार-पांच घंटे बिजली बाधित रही लेकिन, अब दुरुस्त कर दी गई है. गुस्साए ग्रामीण कुछ सुनने मानने को तैयार नहीं थे.