लहेरियासराय /बेता थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल रोड में 10मई की देर रात हुई छापेमारी के मामले में डीआईजी ने विशनपुर ,लहेरियासराय थाना पहुंचकर ली पूरे मामले की जानकारी ,घटनास्थल का भी किया दौरा।मकान मालिक समेत मुहल्ले के कई लोंगों से की पूछताछ।एसएसपी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की पुलिस ने ही की थी छापेमारी ?लेकिन नहीं मिला था कोई हथियार।
लहेरियासराय /बेता थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल रोड में 10मई की देर रात हुई छापेमारी के मामले में डीआईजी ने विशनपुर ,लहेरियासराय थाना पहुंचकर ली पूरे मामले की जानकारी ,घटनास्थल का भी किया दौरा।मकान मालिक समेत मुहल्ले के कई लोंगों से की पूछताछ।एसएसपी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की पुलिस ने ही की थी छापेमारी ?लेकिन नहीं मिला था कोई हथियार।
लहेरियासराय /बेता थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल रोड में 10मई की देर रात हुई छापेमारी के मामले में डीआईजी ने विशनपुर ,लहेरियासराय थाना पहुंचकर ली पूरे मामले की जानकारी ,घटनास्थल का भी किया दौरा।मकान मालिक समेत मुहल्ले के कई लोंगों से की पूछताछ।एसएसपी ने कहा कि हिमाचल प्रदेश की पुलिस ने ही की थी छापेमारी?लेकिन नहीं मिला था कोई हथियार।
दस्तक 7मीडिया ,संजय कुमार राय
लहेरियासराय /बेता थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल रोड में 10मई की रात एक घर के रूम में हुई छापेमारी के मामले को डीआईजी ने गंभीरता से लिया हें। सोमवार की सुबह डीआईजी स्वप्ना गौतम मेश्राम ने विष्णपुर थाना पहुंचकर हिमाचल पुलिस के बारे में बिन्दुवार पूरी जानकारी ली यही नहीं इसके बाद उन्होंने लहेरियासराय थाना पहुंचकर प्रभारी थानाध्यक्ष एवं अन्य पुलिसकर्मी से पुछताछ करते हुये हॉस्पिटल रोड के उस घर तक पहुंच गई जहां एक कमरे में एक महिला के साथ दो बच्चे और अन्य पुरुष ठहरे थे।डीआईजी के इस तत्परता को देख पुलिस महकमे में चर्चा का विषय बन गया हें।
डीआईजी स्वप्ना गौतम मेश्राम ने मकान मालिक डीएमसीएच में कार्यरत चमन कुमार उर्फ शिवम श्रीवास्तव एवं अन्य किरायेदार से पूछताछ की ,यही नहीं मकान के ठीक सामने हड्डी रोग के चिकित्सक डॉ रामाशीष यादव से भी पूछताछ की। पूछताछ में मकान मालिक चमन कुमार का कहना था कि डॉ रामाशीष यादव के कंपाउंडर नेपाल निवासी संतोष कुमार के कहने पर
एक रूम दिया था जिसमें एक पुरुष एक महिला दो बच्चे के साथ रूम को कुछ दिनों के किराए पर लिया था।
इधर एसएसपी ने कहा कि दस्तक 7मीडिया में छपी खबर के आलोक में डीआईजी ने आज पूरे मामले का जांच किया जिसमें हथियार और सोने समेत रुपये की चर्चा थी लेकिन यह गलत साबित हुआ।
उन्होंने मीडिया को बताया कि जांच में हथियार संबंधी मामला सामने नहीं आया लेकिन हिमाचल प्रदेश की पुलिस यहां देर रात छापेमारी की थी और रूम में ठहरे लोंगों के निशानदेही पर विशनपुर थाना क्षेत्र के गोरियारी गांव में छापेमारी हुई थी जहां से दो और कंसी सिमरी से एक चोर को गिरफ्तार किया गया था जिसके पास से नगदी 4लाख दस हजार के करीब नगद एवं भारी मात्रा में सोने के आभूषण एवं अन्य समान बरामद हुये थे।
दरअसल चमन के घर में हिमाचल प्रदेश की पुलिस साढ़े दस बजे रात के करीब छापेमारी की थी और तकरीबन12बजे रात में वहां से लेकर चली थी। इस दौरान दो बैग और एक ट्रॉली की चर्चा करते हुये मुहल्ले वासियों को शक हुआ कि बैग में हथियार और रुपये ,सोने थे और यह चर्चा मुहल्ले के लोग लगातार कर रहें थे।इस छापेमारी के चार -पांच दिन बीत गये और लोंगों में यह चर्चा जोरों से होने लगी।
इस दौरान लहेरियासराय पुलिस कुछ भी बताने से इनकार कर रही थी ,एसएसपी को भी इस छापेमारी को लेकर जानकारी नहीं थी हाँ यह जानकारी उन्हें थी कि हिमाचल से आयी पुलिस विशनपुर थाना क्षेत्र में चोरी के मामले में कारवाई करने आयी हें।
एसएसपी ने पूरी जानकारी दस्तक मीडिया को दी तों दस्तक मीडिया ने उस खबर को भी प्रमुखता से प्रकाशित किया था । इस मामले में डीजीपी ने भी एसएसपी से जानकारी मांगी थी तों एसएसपी ने कहा था कि इस मामले में उन्हें कोई जानकारी नहीं हें।
लेकिन डीआईजी के निर्देश पर एसएसपी ने जब लहेरियासराय से पूरी जानकारी ली तों लहेरियासराय पुलिस ने कहा कि हिमाचल प्रदेश पुलिस के साथ सब इंस्पेक्टर पीयूष गया था। लेकिन हिमाचल पुलिस का लहेरियासराय थाने में आमद कब हुआ और कब गया इसका जिक्र लिखित में नहीं था।
इस पूरे प्रकरण से डीआईजी स्वप्ना गौतम मेश्राम संतुष्ट नहीं थी। डीआईजी ने सोमवार को विशनपुर /लहेरियासराय थाने में काफी समय तक पूछताछ करते हुये घटनास्थल पर पहुंची और डॉक्टर समेत मकान मालिक एवं अन्य से पूछताछ की हें। एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी ने स्पष्ट कहा हें कि देर रात छापेमारी करने गई पुलिस हिमाचल प्रदेश का ही था और उस रूम से कोई हथियार यां अन्य समान बरामद नहीं हुआ था ,हा उसके निशानदेही पर चोरो की गिरफ्तारी जरूर हुई हें जिसके निशानदेही पर नगदी समेत जेवरात पुलिस ने बरामद किया हें।एसएसपी ने कहा कि यह अफवाह था ,और झूठी बात थी।
यहां बता दे कि इस मामले में पुलिस को सीसीटीवी फुटेज मिल जाता तों पूरे मामले से पर्दा हट जाता और पता चल जाता कि देर रात छापेमारी करने आयी पुलिस क्या वास्तव में हिमाचल पुलिस थी ?मकान मालिक चमन ने बताया था कि तीन सादे लिबास में और एक वर्दी में पुलिसकर्मी उनके मकान के रूम में छापेमारी करने आयी थी।
इस दौरान डीआईजी ,एसएसपी के अलावे नगर पुलिस अधीक्षक ,सदर एसडीपीओ ,विष्णपुर और लहेरियासराय थाने की पुलिस मौजूद थी।