करनाल के गांव पधाना की टमाटर मंडी में अपने टमाटर की फसल लेकर पहुंचे किसान ने बताया में टमाटर की 42-66 हाई ब्रीड फसल लेकर पहुंचा. इसकी एक किले की लागत एक लाख रुपए आती है और मंडी में 2 रुपये किलो बिक रहा है ।
टमाटर के भाव कम मिलने से किसान काफी परेशान नजर आ रहे हैं. करनाल के गांव पधाना की टमाटर मंडी में किसान टमाटर का भाव कम मिलने के निराश नजर आ रहे हैं. मंडी में टमाटर बेचने पहुंचे किसानों ने कहा 2 रुपये किलो तक टमाटर बिक रहा है ।
करनाल के गांव पधाना की टमाटर मंडी में अपने टमाटर की फसल लेकर पहुंचे किसान ने बताया में टमाटर की 42-66 हाई ब्रीड फसल लेकर पहुंचा. इसकी एक किले की लागत एक लाख रुपए आती है और मंडी में 2 रुपये किलो बिक रहा है. मंडी में एक ट्राली क्रेट बेचने आए हैं. 8200 रुपये की लेकर आई है. केवल 4400 रुपए में ट्राली बिकी है. एक टमाटर की एक क्रेट 6500 रुपए में बिक रही है. किसान के खर्चें भी पूरे नही होते हैं.
एक किसान ने कहा कि पढ़े-लिखे हैं, देख लो हमारा क्या हाल हो गया. साथ ही बताया कि डिप्लोमा डिग्री और कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी का टॉपर भी हूं और टमाटर के भाव ने हमारे क्या हालात कर दिए.
मंडी में टमाटर की फसल लेकर पहुंचे अन्य किसान ने कहा मंडी में टमाटर लेकर पहुंचे थे. पूरे सीजन में टमाटर का बहुत बुरा हाल रहा, 2 रुपए किलो भी टमाटर नहीं बिक रहा है. किसान ने कहा जब टमाटर के दाम बढ़ते हैं तब संसद तक बात चली जाती है, लेकिन अब की बार टमाटर के वो हालात हैं कि 2 रुपए किलो टमाटर बिक रहा है. कई किसान अपनी टमाटर की फसल को खेतों में भी बहा रहे हैं. पिछले साल के मुकाबले किसानों के पास अगली फसल के पैसे भी नहीं है. अबकी बार फसल से लेबर के पैसे भी नहीं निकल पा रहे हैं. अगर लेवर की दिहाड़ी 250 रुपए है, लेकिन उनकी एक क्रेट 50 रुपए में बिक रही है.
