कुशेश्वरस्थान मे इन दिनों राजनैतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। गलत कार्यों मे संलिप्त और शराब कारोबार से ताल्लुक रखने वाले नेतागण को कुशेश्वरस्थान का थानाध्यक्ष चुभने लगा हैं। कुशेश्वरस्थान थाना अध्यक्ष अमित कुमार को हटाने के लिये कुछ माफिया इन दिनों एसएसपी ,आईजी समेत कई कई मंत्रियों को पत्र दें रहें हैं। लोकसभा चुनाव नजदीक हैं ,नेताजी भी इस मौके से चूकना नहीं चाहते।
आजकल के वरीय पुलिस पदाधिकारी भी इतने कमजोर दिखाई देते हैं कि नेताजी का फोन क्या आया बस कारवाई कर देते हैं। इस तरह की कारवाई को लेकर डीजीपी ने कहा था कि आप काम कीजिये ,हम मनोबल नहीं टूटने देंगे। अगर नेताजी के कहने पर या दबाव बनाने पर कोई थानाध्यक्ष पर जिला के वरीय पुलिस पदाधिकारी जबरन कारवाई कर देते हैं तो वास्तव मे यह पुलिस के मनोबल को तोड़ने की बात हो जाएगी और बाद मे गये थानाध्यक्ष को हमेशा इन नेताओं के कारगुजारी से गुजरना पड़ेगा। कुशेश्वरस्थान स्थान एक पवित्र स्थल हैं लेकिन शराब माफियाओ के लिये बल्ले बल्ले हैं। यहां के कई नेता इस कारोबार मे प्रत्यक्ष -अप्रत्यक्ष रूप मे शामिल हैं और ऐसे नेताओं के लिये कुशेश्वरस्थान थाना का थानाध्यक्ष बुलडोजर हैं क्यूंकि उनके मंसूबे पर थानाध्यक्ष अमित कुमार ने कई बार पानी फेरा हैं।
फिलहाल कुशेश्वरस्थान थाना मे एक गांव मे शिक्षक और पूर्व मुखिया के बीच वर्षों से लड़ाई चल रही थी । पूर्व मुखिया की हाल मे मौत हुई हैं। पूर्व मुखिया की पत्नी ने उनके पति के मौत के बाद कई लोंगों पर हत्या का मामला दर्ज करायी हैं। इस मामले मे स्थानीय लोंगों का कहना हैं कि स्थानीय पुलिस पर कई लोग एकतरफा इतना दबाव बना रहें हैं कि हत्या के मामले को सत्य करार दिया जाय और सभी की गिरफ्तारी हो ?लेकिन इस मामले की तहकीकात अगर की जाय तो मामला कुछ और भी निकलकर सामने आ सकता हैं। पुलिस भी पोस्टमार्टम रिपोर्ट के इंतजार मे हैं ताकि सच्चाई से पर्दा उठे। पुलिस भी चाहती हैं कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद जो सच्चाई सामने आयेगी उसके अनुसार विधि सम्मत कारवाई की जाएगी। इसी मामले को लेकर कुछ बड़े बड़े नेता एक जुट होकर इस मामले मे गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज हैं और थानाध्यक्ष के खिलाफ बिगुल फूंक रहें हैं।
बरह्हाल मामला जो भी हो पुलिस को सजग और सचेत रहने की जरूरत हैं क्यूंकि सभी गलत लोंगों का जमावड़ा एक सतह पर आकर खड़ा हो गया हैं। जब्कि कुशेश्वरस्थान स्थान के सभी व्यापारी ,प्रबुद्ध लोग ,स्थानीय लोग पुलिस के साथ खड़ा होकर कहती हैं कि जब से थानाध्यक्ष यहां हैं यहां के लोंगों मे शांति हैं ,बेहतर पुलिसिंग हो रही हैं ,शराब माफियाओं से वंचित हैं ,अपराधी भी दूर हैं ?ऐसे मे कुशेश्वरस्थान स्थान थाना प्रभारी पर आरोप प्रत्यारोप गढ़ना पूरी तरह से बेईमानी हैं।