वज्रपात(ठनका) से बचाव हुआ आसान ,केवल सावधान रहने की जरूरत ,जिला प्रशासन ने वज्रपात से बचाव को लेकर जारी की एडवाइजरी
दरभंगा /
सलीम अख्तर अपर समाहर्ता आपदा प्रभारी ने आज सत्येंद्र प्रसाद उप निदेशक जनसंपर्क दरभंगा को बताया कि जिले में आकाशीय बिजली से नागरिकों को बचाव के लिए सरकार के द्वारा एडवाइजरी जारी की गई है जो निम्न हैं
*बज्रपात के समय यदि आप खुले में है ह तो शीघ्रातिशीघ्र किसी पक्के मकान में शरण ले लें*।
सफऱ के दौरान अपने वाहन में ही बने रहें।
*समूह में न खड़े हो, बल्कि अलग-अलग खड़े रहें* ।
धातु से बने कृषि यंत्र-डंडा आदि से अ दूर रहें ।
*आसमानी बिजली के झटका से घायल होने पर पीड़ित व्यक्ति को तत्काल नजदीकी प्राथमिक चिकित्सा केन्द्र ले जाएं* ।
*स्थानीय रेडियो एवं अन्य संचार साधनों पर मौसम की जानकारी प्राप्त करते रहें।
*यदि आप खेत-खलिहान में काम कर रहे हों और किसी सुरक्षित स्थान की शरण न ले पायें है तो जहां है वहीं रहें, हो सके तो पैरों के नीचे सूखी कुचालक चीजें जैसे – लकड़ी, प्लास्टिक, बोरा या सूखे पत्ते रख लें*।
दोनों पैरों को आपस में सटा लें, दोनों हाथों को घुटनों पर रख कर अपने सिर को जमीन के तरफ यथा संभव झुका लें तथा सिर को जमीन में सटने न दें।
जमीन पर कदापि न लेटें।
*भारी वर्षा एवं वज़्र पात के समय निम्न बातों का ध्यान जरूर रखें* :
@ *ठनका (बज्रपात) के समय खिड़कियाँ, दरवाजे, बरामदे के समीप तथा छत पर नहीं जायें। @तालाब और जलाशय के समीप न जायें*।
@बिजली के उपकरण या तार के साथ सम्पर्क से बचें व बिजली के उपकरणों को बिजली के सम्पर्क से हटा दें।
*@ *ऐसी वस्तुएं, जो बिजली की सुचालक है, उससे दूर रहें*।
*बाहर रहने पर धातु से बनी वस्तुओं का उपयोग न करें*।
