बिहार डेस्क: बिहार सहित पूरा उत्तर भारत इनदिनों सूरज की तपिश में जल रहा है। हीटवेव और लू से लोगों का हाल बेहाल है। बिहार में गर्मी ने 54 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। 10 जिलों में 45 डिग्री के पार तापमान पहुंच गया है। बीता दिन सबसे गर्म शहर औरंगाबाद रहा, जहां अधिकतम तापमान 48.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह बिहार का ऑल टाइम हाई है। इससे पहले 1970 में गया का पारा 47.1 डिग्री तक पहुंचा था, जो रिकॉर्ड था। वहीं पिछले 24 घंटे में भीषण गर्मी और लू की चपेट में आने से 8 लोगों की जान चली गई।

भीषण गर्मी को लेकर बिहार सरकार ने 8 जून तक सभी स्कूलों और कोचिंग संस्थानों को बंद करने आदेश दिया था। यह आदेश बुधवार को 300 से अधिक स्कूली बच्चों के बेहोश होने के बाद आया था।

इस वक्त गर्मी की स्थिति यह है कि राज्य के अलग-अलग जिलों में 8 लोगों की मौत हो गई, जिनमें बिहार पुलिस के एक दारोगा, चुनाव ड्यूटी में लगे दो जवान और एक महिला शामिल हैं।

बताते चलें कि रोहतास जिले में हीटवेव से तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि गोपालगंज में महाराष्ट्र के नासिक से आए एक पर्यटक की भी जान चली गई। पर्यटकों के एक दल के साथ सोमनाथ आगरे नेपाल के काठमांडू जा रहे थे। ये मौतें बक्सर, भोजपुर, बेगूसराय, गोपालगंज, औरंगाबाद और अरवल जिलों में हुईं।

बिहार में इस वक्त भीषण गर्मी पड़ रही है। औरंगाबाद में सबसे अधिक पारा 48.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 9.5 डिग्री ज्यादा है। गया में 47.4 डिग्री, नवादा में 47.3 डिग्री, अरवल में 47.1 डिग्री सेल्सियस पारा रहा, जबकि डेहरी में 46.8 डिग्री, भोजपुर में 46.6 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। वहीं, शेखपुरा में 46.2 डिग्री, राजगीर में 45.6, बक्सर में 45.9 डिग्री, बिक्रमगंज में 46.5 डिग्री सेल्सियस पारा रहा।