सात महीने मे पैसे दुगुना करने वाले गिरोह के एक ठग को पुलिस ने किया गिरफ्तार ,क्रिप्टो करेंसी और बीट कॉइन के नाम पर दो करोड़ रुपये से अधिक की कर ली थी ठगी।
दरभंगा /
वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश के आलोक मे दो करोड़ रुपये ठगी किये जानें के मामले मे एक आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया हैं।
यह ठगी बिटकॉइन और क्रिप्टोकेरंसी में निवेश के बदले डॉलर देने के नाम पर किया गया। इस मामले मे करोड़ों रुपया ठगी करने वालें कंपनी के डायरेक्टर को साइबर थाना की पुलिस ने गिरफ्तार कर मामले का उद्भेदन किया है।
नगर पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने बताया कि WEFL कंपनी में पैसा जमा करने वालों को 7 महीने में चार गुना राशि का प्रलोभन देकर करोड़ों रुपए जमा करवाने वाले बेगूसराय जिला के चकिया थाना बरौनी के रहने वाले राजेंद्र राय के पुत्र अजय कुमार राय को गिरफ्तार किया गया है। नगर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि अब तक मिले आवेदन के अनुसार 2 करोड़ रूपया से अधिक की ठगी करने के मामला साइबर थाना में दर्ज कराया गया है। आरोपी अजय कुमार राय के द्वारा अवैध कंपनी खोलकर क्रिप्टोकेरेंसी तथा डॉलर के रूप में पैसा जमा करने तथा जमा राशि को 7 महीने में कम से कम चार गुना से लेकर 10 गुना तक करने का प्रलोभन देकर रुपया जमा करवाया जाता था। अब तक मिले आवेदन में मधुबनी जिला के राजनगर के रहने वाले ममता देवी ने 15 लाख रुपया, हीरा देवी 2 लाख रुपया, मुन्नी देवी 12 लाख, महेश कुमार राय 3 लाख रुपए, मोहम्मद उमर 2 लाख 55 हजार रुपए, राजेश कुमार 15 लाख रुपए, मधुबनी जिला के खजौली गांव के रहने वाले अरुण कुमार साफी का 5 लाख 50 हजार रुपए, रंजीत कुमार यादव 59 हजार रुपए,रणधीर कुमार 85 हजार रुपए, नूर आलम 24 लाख, दरभंगा जिला के कमतौल के रहने वाले पप्पू बैठा ने 5 लाख रुपए, बहादुरपुर थाना क्षेत्र के तारालाही के रहने वाले मिथिलेश कुमार 1 लाख 50 हजार रुपए, ओझौल गांव के रहने वाले अशोक साह का 35 लाख रुपए, वही उनके द्वारा 50 से 60 आदमी का एक करोड़ 16 लाख रुपया, मधुबनी जिला के जयनगर के रहने वाले अरविंद कुमार का 6 लाख रुपया शंकर राय का 24 लाख रुपया पंकज साह का 23 लाख रुपया, मनिगाछी के रहने वाले संतोष कुमार महासेठ 8 लाख रुपए ने जमा करवाया था। इन लोगों के द्वारा ब्याज के साथ पैसे की मांग की गई तो अजय कुमार राय ने बताया कि अभी डॉलर को दूसरे कंपनी में डाला गया है ऐसी स्थिति में अभी भुगतान नहीं किया जा सकता है। यदि पैसा वापस लेना है तो नई कंपनी वीफेल डाट आईओ जमा करने पर भुगतान किया जाएगा। पैसे के लालच में इन लोगों ने फिर से पैसा जमा कर दिया। कंपनी के डायरेक्टर ने व्यवसाय करने वाले और अधिक राशि जमा करने वाले लोगों को गोवा भ्रमण सहित कई बड़े गिफ्ट भी दिए हैं। अजय राय पैसे की वसूली के लिए दरभंगा मुजफ्फरपुर मधुबनी समस्तीपुर पटना बेगूसराय बिहार और देश के अन्य राज्यों में भी एजेंट बहाल कर रखा था। इस कंपनी का एक सरगना मधुबनी जिला के विस्फी थाना क्षेत्र के च्योंहटा गांव निवासी स्वर्गीय मोहन झा के पुत्र नीतीश कुमार झा है जो अभी फरार चल रहा है। उसकी गिरफ्तारी के लिए छापामारी की जा रही है। प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस इंस्पेक्टर नवीन कुमार एवं चन्द्रोदय प्रकाश उपस्थित थे।
घटना का संक्षिप्त विवरणीः-
साईबर थाना कांड सं0-98/23,दिनांक-09.12.23, धारा 420/379/467/471/506/34 भा०द०वि एवं 66 (डी) आई०टी० एक्ट 2000 के अंर्तगत वादी विवेकानन्द महाराज उम्र 34 वर्ष करीब, पे0 साहेब महाराज, सा०़ + थाना-सिंहवाडा, जिला- दरभंगा के आवेदन के आधार पर प्राथमिकी के नामजद अभियुक्त 01. अजय कुमार राय पे० राजेन्द्र राय, सा०-पश्चिम अमरपुर, थाना-चकिया, बरौनी, जिला- बेगुसराय मो० नंo-624274154 एवं 90655366225, 02 नीतेश कुमार झा पे० स्व० मोहन झा, सा०-चोहटा थाना-बिस्फी, जिला-मधुबनी मोoनंo -9199977798 के विरूद्ध वादी एवं अन्य लोगों से WEFL COMPANY मे पैसा सात महीने पर चार गुना कर देने का झांसा देकर करीब दो करोड़ रूपया की ठगी कर लेने के आरोप में प्रतिवेदित हैं।
अनुसंधान के क्रम में एवं अभियुक्त के एकाउंट का विश्लेषन करने पर करोड़ों रूपया का अभियुक्त अजय कुमार राय के खाता मे आमद एवं निकासी का ब्यौरा पाया गया। अभियुक्त अजय कुमार राय के द्वारा अवैध कम्पनी खोल कर क्रिप्टो करैशी तथा डालर के रूप में पैसा जमा करने तथा पैसा सात माह के अंदर चौगुना मिलने के नाम पर जमा करवा लिया गया जाता था। प्राथमिकी अभियुक्त अजय कुमार राय की संलिप्ता की पुष्टि हुई हैं। कांड के प्राथमिकी अभियुक्त अजय कुमार राय को गिरफ्तार किया गया हैं।

