देश के चार महान विभूतियों को बार एसोसियेशन भवन मे अधिवक्ताओं ने उनके तैल चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया नमन।
विधि संवाददाता /दरभंगा
दरभंगा के बार एसोसिएशन भवन में बुधवार को वकीलों ने देश के चार महान विभूतियों के तैल चित्रों पर श्रद्धासुमन अर्पित कर नमन किया।अधिवक्ता रमणजी चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में वकीलों ने आजाद हिन्द फौज के मेजर जनरल शहनवाज खान,प्रखर क्रान्तिकारी पुलिन बिहारी दास,तथा स्वतंत्रता सेनानी गुदरी का लाल की संज्ञा से बिभूषित बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर की जयंती तथा भारतीय परमाणु ऊर्जा कार्यक्रम के जनक महान भौतिक वैज्ञानिक पद्मबिभूषित डॉ. होमी जहांगीर भाभा की पूण्यतिथि पर उन्हें स्मरण किया।महान विभूतियों के स्मरण सह नमन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अधिवक्ता अरुण कुमार चौधरी ने कहा कि आजाद हिन्द फौज के शाहनवाज खान ने देश की आजादी के लिए समर्पित रहे ।उनके साथ अन्य क्रांतिकारियों के बिरुद्ध तत्कालीन सम्राट के खिलाफ जंग छेड़ने के आरोप में मुकदमा का ट्रायल “लाल किला ट्रायल” नाम से विश्व में विख्यात है। भारत का पहला परमाणु रियेक्टर विकसित करने का श्रेय डॉ. होमी जहांगीर भाभा को है।उन्हें आर्किटेक्ट ऑफ इण्डियन एटॉमिक एनर्जी प्रोग्राम भी कहा जाता है।परमाणु शक्ति आयोग के प्रथम अध्यक्ष के रुप में इन्होंने अपने निर्देशन में तीन प्रमुख रियेक्टर,यथा अप्सरा,सायरस,और जरलीना की स्थापना की थी ।इन्हीं के समय में तारापुर में प्रथम परमाणु बिजली केन्द्र की स्थापना हुईं।स्वर्गीय भाभा को परमाणु ऊर्जा का जनक भी कहा जाता है।वहीं गुदरी का लाल से सुविख्यात स्व. कर्पूरी जी को राजनीतिक सूचिता के लिए हमेशा याद किया जायेगा।वे छात्र जीवन में ऑल इण्डिया स्टूडेंट्स फेडरेशन से जूड़े रहे तथा देश के स्वाधीनता आन्दोलन में जेल भी गये।वे 1952 से लगातार मृत्यूपर्यन्त बिहार बिधान सभा के सदस्य रहे और प्रान्त की सेवा की।उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किये जाने की निर्णय बिहार समेत सभी भारतीय के लिए गर्व की बात है। पुलिन बिहारी दास ने देश की आजादी के लिए क्रांतिकारी संगठन ढाका अनुशीलन समिति का गठन किया। देश की आजादी के लिए कतिपय बार जेल गये। इनके पिता नबा कुमार दास वकील और चाचा द्वय मजिस्ट्रेट थे। मौके पर अधिवक्ता उज्जवल गोस्वामी,अमरेन्द्र नारायण झा, संजीव कुमार कुंवर,अमरनाथ झा,मनोज कुमार झा,अनीता आनंद,कुमारी किरण,कुमार उत्तम,हिरानंद मिश्र,मनोज कुमार,मानष कुमार सिंह,चन्द्र प्रकाश सिन्हा,सनोज कुमार,डॉ. राजीवचन्द्र झा,संजय कुमार,श्याम कुमार झा,ब्रजेश कुमार चौधरी, प्रदीप शांडिल्य,दिनबंधु झा,अधिवक्ता लिपिक विनय कुमार झा,संजीव कुमार मिश्र, ललन कुमार झा समेत सैकड़ों वकीलों ने सभी महान विभूतियों के तैल चित्रों पर पुष्प निवेदित कर अपने अमर बिभूतियों का स्मरण किया।

