बिरौल मनरेगा कार्यालय पर मजदूरों ने किया धरना प्रदर्शन, मजदूरों को 200 दिन काम और 600 रुपया मजदूरी एवं अन्य मांगों को लेकर निकाला प्रतिवाद मार्च।
बिरौल मनरेगा कार्यालय पर मजदूरों ने किया धरना प्रदर्शन, मजदूरों को 200 दिन काम और 600 रुपया मजदूरी एवं अन्य मांगों को लेकर निकाला प्रतिवाद मार्च।
बिरौल मनरेगा कार्यालय पर मजदूरों ने किया धरना प्रदर्शन, मजदूरों को 200 दिन काम और 600 रुपया मजदूरी एवं अन्य मांगों को लेकर निकाला प्रतिवाद मार्च।
बिरौल/दरभंगा
भाकपा माले और मनरेगा मजदूर सभा की ओर से मजदूरों का प्रतिवाद मार्च आयोजित किया गया। प्रतिवाद मार्च रजिस्ट्री ऑफिस के सामने महावीर मंदिर से शुरू होकर सुपौल कुशेश्वर मुख्य मार्ग से गुजरते हुए अनुमंडल कार्यालय के रास्ते मनरेगा कार्यालय पर पहुंचकर धरना में तब्दील हो गया।
जिसका नेतृत्व राधे साहू और संचालन जितेंद्र सदा कर रहे थे। सभा को संबोधित करते हुए मनरेगा मजदूर सभा के जिला सचिव बैधनाथ यादव ने कहा की मजदूरों के नाम पर जिस विभाग का निर्माण हुआ ,वहां मजदूरों को रोजगार नहीं मिलता,मजदूरों का निबंधन तो नही होता लेकिन लूट के लिए सैकड़ों फर्जी मजदूर का निबंधन किया जा रहा है।जिसके खिलाफ ये धरना आयोजित हुआ है,अब रोजगार नहीं मिलने पर कोर्ट का भी दरवाजे पर मजदूर जाने को तैयार हैं। जिला सचिव ने कहा कि सैकड़ों के संख्या में मजदूरों ने आवेदन किया, जिसे आज तक रोजगार क्यों नहीं मिला,करोड़ों लुटने वाले पंचायत से रिकवरी अबतक नहीं होना,अधिकारियों के मिली भगत का साफ प्रमाण है, जिस पर अविलंब करवाई की जाय। मुखिया विशंबर पासवान ने अपने संबोधन में कहा की केंद्र सरकार मनरेगा को मारने का सभी सार्थक कदम उठा चुके है, जो मजदूरों के लिए संकट का कारण बना हुआ है और लूटने वाले लूट रहे है।इस बात को मजदूरों को समझना होगा और आने वाले चुनाव में वोट नही देकर हिसाब लगाना होगा। मौके पर मनोज यादव,कैलाश सदा,ज्योति देवी, सकिला खातून,रहीसा खातून,रेखा देवी सहित दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद थे।