रजवा गांव में आयोजित एक दिवसीय कृषक प्रशिक्षण, मखाना उत्पादन और उद्यमिता विकास पर दिया गया जोर

दस्तक 7 मिडिया, बिरौल, दरभंगा।

क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र, बिरौल द्वारा आज (20 अगस्त 2026) गौड़ा बौराम विधानसभा क्षेत्र के ग्राम रजवा में स्थानीय विधायक सुजीत कुमार के आवास परिसर पर एकदिवसीय कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। प्रशिक्षण का मुख्य विषय “मखाना उत्पादन एवं उद्यमिता विकास” रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र बिरौल के प्रभारी डॉ.मुकेश कुमार सिंह ने दीप प्रज्वलित कर औपचारिक रूप से किया। किसानों को संबोधित करते हुए डॉ.मुकेश कुमार सिंह ने मखाना की पैदावार और गुणवत्ता बढ़ाने के लिए वैज्ञानिकों द्वारा विकसित उन्नत प्रभेद ‘स्वर्ण वैदेही’की खेती करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि पारंपरिक तरीकों के बजाय आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर किसान अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि कर सकते हैं। प्रशिक्षण सत्र में अनुसंधान केंद्र के वैज्ञानिकों ने मखाना की फसल में संतुलित पोषण प्रबंधन तथा जल-जमाव वाले क्षेत्रों में खरपतवार नियंत्रण के प्रभावी उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ.घनश्याम नाथ झा एवं रोशन कुमार राम ने प्रशिक्षण के मुख्य उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को न केवल मखाना उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाना है, बल्कि उन्हें प्रसंस्करण और विपणन से जोड़कर एक सफल उद्यमी के रूप में विकसित करना भी है।
इस प्रशिक्षण शिविर में क्षेत्र के प्रमुख किसान सियावर सिंह, विष्णु सहनी,रतन सहनी, विष्णु सहनी, सुभाष कुमार सहित दर्जनों स्थानीय किसानों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और मखाना वैज्ञानिक तकनीक के व्यावहारिक गुर सीखे। उपस्थित किसानों ने इस पहल की सराहना की और इसे क्षेत्र के कृषि विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया।