दरभंगा, बिरौल और बेनीपुर अनुमंडल में केंद्रीय विद्यालय की मांग तेज, जिलाधिकारी ने शिक्षा विभाग को लिखा पत्र,

गौड़ा बौराम और बेनीपुर विधानसभा के विधायक ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से किया है आग्रह

दस्तक 7 मिडिया, बिरौल, दरभंगा।

दरभंगा जिले के बिरौल और बेनीपुर अनुमंडल में रहने वाले हजारों छात्र-छात्राओं और केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। शिक्षा के क्षेत्र में इन अनुमंडलों के पिछड़ेपन को देखते हुए, दरभंगा के जिलाधिकारी ने बिहार सरकार के शिक्षा विभाग के सचिव को एक औपचारिक पत्र लिखकर इन दोनों क्षेत्रों में नए केंद्रीय विद्यालय की स्थापना की पुरजोर सिफारिश की है।


यह सिफारिश गौड़ाबौराम विधानसभा के विधायक सुजित कुमार और बेनीपुर विधानसभा के विधायक विनय कुमार चौधरी के द्वारा केन्द्रीय शिक्षा मंत्री को भेजे गए पत्र के आलोक में जिलाधिकारी ने पहल शुरू किया है।

जिलाधिकारी द्वारा प्रेषित पत्र के अनुसार, बिरौल और बेनीपुर अत्यधिक पिछड़े और ग्रामीण बहुल क्षेत्र हैं। वर्तमान में, इन अनुमंडलों से निकटतम केंद्रीय विद्यालय क्रमशः 65 किलोमीटर और 30-40 किलोमीटर की दूरी पर स्थित हैं। इस भौगोलिक दूरी के कारण यहां के ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के छात्र गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से वंचित हैं।
इन क्षेत्रों में रेलवे, डाकघर, भारतीय स्टेट बैंक, पंजाब नेशनल बैंक और बीएसएनएल जैसे केंद्रीय संस्थानों के कार्यालय कार्यरत हैं। इन संस्थानों में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों की सेवा स्थानांतरणीय है। केंद्रीय विद्यालय की अनुपलब्धता के कारण उन्हें अपने बच्चों की शिक्षा के लिए काफी संघर्ष करना पड़ता है। उन्हें अपने बच्चों की पढ़ाई सुनिश्चित करने के लिए परिवार को जिला मुख्यालय में रखना पड़ता है, जिससे उन्हें आर्थिक और सामाजिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है और उनके काम पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
पत्र में इस बात पर भी प्रकाश डाला गया है कि बिरौल और बेनीपुर अनुमंडल में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक समुदाय की बड़ी आबादी है। यहां के जनप्रतिनिधियों, मुखियाओं, जिला परिषद सदस्यों और अभिभावक संघ द्वारा लंबे समय से केंद्रीय विद्यालय की मांग की जा रही है ताकि ग्रामीण प्रतिभाओं को राष्ट्रीय स्तर की शिक्षा मिल सके।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि वर्तमान में दरभंगा जिले में केवल 3 केंद्रीय विद्यालय हैं, जिनमें से दो वायुसेना स्टेशन परिसर में और एक एम्स परिसर के पास स्थित है। जिले की भौगोलिक स्थिति और वर्तमान केंद्रीय विद्यालयों की दूरी को देखते हुए, बिरौल और बेनीपुर के छात्रों को इनका लाभ नहीं मिल पा रहा है।
जनहित में उठाए गए इस कदम से स्थानीय लोगों में उम्मीद जगी है कि सरकार जल्द ही इस प्रस्ताव पर सकारात्मक विचार करेगी और इन दो अनुमंडलों में नवीन केंद्रीय विद्यालय की स्थापना का मार्ग प्रशस्त होगा।