भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रथम अध्यक्ष व्योमेश चंद्र बनर्जी की मनाई गई पुण्यतिथि ,अधिवक्ता अरुण कुमार ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम आंदोलन में भी इनकी थी अहम भूमिका।

दस्तक 7मीडिया ,दरभंगा/विधि संवाददाता

जिला बार एसोसिएशन भवन दरभंगा में सोमवार को प्रसिद्ध भारतीय वैरिष्टर सह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रथम अध्यक्ष व्योमेश चंद्र बनर्जी की पुण्यतिथि मनाई गई।वरीय अधिवक्ता बैद्यनाथ झा की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में वकीलों ने पुष्प निवेदित कर श्रद्धाजंलि दी।मौके पर अधिवक्ता अरुण कुमार चौधरी ने कहा कि स्वर्गीय बनर्जी कलकत्ता हाईकोर्ट के एक प्रख्यात विधिवेत्ता थे।उन्होंने देश की स्वाधीनता आन्दोलन में महती भुमिका निभाई।वे राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रथम और आठवें अध्यक्ष के रुप में राष्ट्र की अहिर्निश सेवा की।वे कलकत्ता विश्वविद्यालय के फेलो और विधि संकाय के अध्यक्ष रुप में एक मानक स्थापित किया। जिसका अनुकरण आज भी किया जा रहा है। इनका निधन 21 जूलाई 1906 को ब्रिटेन के क्राॅयडन स्थित आवास पर हो गई।श्रद्धांजलि सभा के अध्यक्ष बरिष्ठ वकील बैद्यनाथ झा ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि बैरिस्टर बनर्जी गुलाम भारत को आजाद कराने के लिए गठित कांग्रेस की स्थापना काल के अध्यक्ष बने। उन्होंने आजादी के लिए बैरिस्टरों समेत अन्य सभी लोगों को पार्टी से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। इसी वजह विधिवेत्ताओं ने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस द्वारा स्वतंत्रता के लिए चलाये जा रहे आंदोलन में शामिल हुये। मौके पर अधिवक्ता अनीता आनंद,मुरारीलाल केवट,मायाशंकर चौधरी, हीरानंद मिश्र,मनोज कुमार, सनोज कुमार, मयंक चौधरी, अनिल कुमार मिश्रा, संतोष कुमार सिन्हा ,मनोज कुमार 2,पंकज कुमार सिंह, अधिवक्ता लिपिक विनय कुमार झा समेत दर्जनों अधिवक्ता मौजूद थे।